रिपोर्ट: श्यामसिंह
सावन के पहले सोमवार को भक्तों की उमड़ी भारी भीड़
सावन माह के पहले सोमवार के अवसर पर देवकली धाम में सुबह से ही श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। तड़के मंदिर के कपाट खुलते ही भगवान शिव के दर्शन और जलाभिषेक के लिए लंबी कतारें लग गईं। श्रद्धालु “हर-हर महादेव” और “बोल बम” के जयघोष के साथ मंदिर पहुंचे, जिससे पूरा परिसर भक्तिमय वातावरण में रंग गया।
सावन का पहला सोमवार भगवान शिव की आराधना के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। इसी आस्था के चलते आसपास के गांवों, कस्बों और दूर-दराज के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु देवकली धाम पहुंचे। महिलाओं, पुरुषों, युवाओं और बुजुर्गों ने पूरे श्रद्धा भाव के साथ भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक कर सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की कामना की।
विधि-विधान से हुआ जलाभिषेक
मंदिर में श्रद्धालुओं ने भगवान शिव का जल, दूध, बेलपत्र, धतूरा, भांग, पुष्प और अन्य पूजन सामग्री से विधि-विधान के साथ अभिषेक किया। मंदिर परिसर में वैदिक मंत्रोच्चार और शिव भजनों की मधुर ध्वनि से आध्यात्मिक वातावरण बना रहा।
भक्तों ने अपनी बारी का धैर्यपूर्वक इंतजार किया और शांतिपूर्वक दर्शन-पूजन किया। मंदिर प्रबंधन द्वारा दर्शन की व्यवस्था को सुव्यवस्थित बनाए रखने के लिए विशेष इंतजाम किए गए थे।
सुरक्षा और व्यवस्थाओं पर रहा विशेष ध्यान
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस और प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा। मंदिर परिसर और आसपास सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए। भीड़ नियंत्रण के लिए बैरिकेडिंग की गई तथा प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग मार्ग निर्धारित किए गए, जिससे दर्शन व्यवस्था सुचारु रूप से चलती रही।
मंदिर परिसर में पेयजल, साफ-सफाई और अन्य आवश्यक सुविधाओं की भी बेहतर व्यवस्था की गई थी। स्वयंसेवकों और कर्मचारियों ने श्रद्धालुओं की सहायता करते हुए व्यवस्थाओं को व्यवस्थित बनाए रखा।
दिनभर चलता रहा दर्शन-पूजन
सुबह से शुरू हुआ दर्शन-पूजन का सिलसिला दिनभर जारी रहा। श्रद्धालु लगातार भगवान शिव के दर्शन के लिए पहुंचते रहे। मंदिर परिसर में धार्मिक उल्लास और आस्था का अनूठा संगम देखने को मिला।
कई श्रद्धालुओं ने बताया कि वे हर वर्ष सावन के पहले सोमवार पर देवकली धाम में दर्शन करने आते हैं और इसे अपने जीवन का महत्वपूर्ण धार्मिक अवसर मानते हैं।
धार्मिक आस्था का बना विशेष केंद्र
देवकली धाम लंबे समय से क्षेत्र के प्रमुख धार्मिक स्थलों में शामिल है। सावन माह में यहां श्रद्धालुओं की संख्या सामान्य दिनों की तुलना में कई गुना बढ़ जाती है। पहले सोमवार पर उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ ने एक बार फिर इस धाम की धार्मिक महत्ता को दर्शाया।
निष्कर्ष
सावन के पहले सोमवार पर देवकली धाम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच पूरे दिन शांतिपूर्ण माहौल में दर्शन-पूजन का क्रम चलता रहा। “हर-हर महादेव” के जयघोष से गूंजते मंदिर परिसर में भक्तों ने भगवान शिव से सुख, समृद्धि और कल्याण की कामना की। प्रशासन, पुलिस और मंदिर प्रबंधन की बेहतर व्यवस्थाओं के चलते श्रद्धालुओं को सुचारु रूप से दर्शन करने का अवसर मिला और पूरा आयोजन श्रद्धा एवं अनुशासन के साथ संपन्न हुआ।
