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वरिष्ठ अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. पी.एन. रस्तोगी के निधन पर रेड क्रॉस में शोक सभा, दी गई भावपूर्ण श्रद्धांजलि

शाहजहांपुर। मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय परिसर स्थित इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी कार्यालय में जनपद के वरिष्ठ अस्थि रोग विशेषज्ञ एवं चिकित्सा जगत की प्रतिष्ठित विभूति डॉ. पी.एन. रस्तोगी के आकस्मिक निधन पर शोक सभा आयोजित की गई। शोक सभा में उपस्थित चिकित्सकों, समाजसेवियों और रेड क्रॉस पदाधिकारियों ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखकर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की।

डॉ. पी.एन. रस्तोगी, चिकित्सक डॉ. उत्तम रस्तोगी के पूज्य पिता तथा ददरौल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में तैनात आयुष चिकित्सक डॉ. रचना रस्तोगी के पूज्य ससुर थे। उनके निधन से चिकित्सा एवं सामाजिक क्षेत्र में शोक की लहर है।

शोक सभा में वक्ताओं ने कहा कि डॉ. पी.एन. रस्तोगी केवल एक कुशल एवं समर्पित चिकित्सक ही नहीं, बल्कि मानवीय मूल्यों से ओत-प्रोत एक समाजसेवी व्यक्तित्व भी थे। उन्होंने अपने लंबे चिकित्सकीय जीवन में असंख्य मरीजों को स्वास्थ्य लाभ प्रदान कर सेवा, संवेदना और समर्पण की अनुपम मिसाल पेश की। उनका निधन चिकित्सा एवं सामाजिक क्षेत्र के लिए एक अपूरणीय क्षति है, जिसकी भरपाई निकट भविष्य में संभव नहीं है।

इस अवसर पर इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी के सचिव डॉ. विजय जौहरी, सीटू के जिला अध्यक्ष मुरारी दीक्षित, रेड क्रॉस सदस्य अवनीश सक्सेना, बृजेश गुप्ता, टीवी क्लीनिक से अतुल मिश्रा, रोहित मिश्रा, सी.एल. तिवारी, सुधांशु, आशीष, अनुज जौहरी, मनोज तिवारी, सौरभ अग्रज जौहरी, ओम तथा दिव्यांगजन कल्याण समिति के बालकृष्ण पांडे सहित रेड क्रॉस के अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

सभा में उपस्थित सभी लोगों ने शोक संतप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान प्रदान करें तथा परिवारजनों को इस असहनीय दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें। वक्ताओं ने डॉ. रस्तोगी के व्यक्तित्व एवं कृतित्व को स्मरण करते हुए उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की।

– डॉ. विजय जौहरी
सचिव, इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी, शाहजहांपुर

मानवता की मिसाल बने एडीएम वित्त अरविंद कुमार, गंभीर रूप से घायल अनाथ बालक के इलाज के लिए बढ़ाया मदद का हाथ

शाहजहांपुर। कलेक्ट्रेट परिसर में बुधवार को मानवता और संवेदनशील प्रशासन की एक मिसाल देखने को मिली, जब अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) अरविंद कुमार ने गंभीर रूप से घायल एक अनाथ बालक की मदद कर उसे नई उम्मीद दी। एडीएम की इस मानवीय पहल की जनपदभर में सराहना हो रही है।

जानकारी के अनुसार कुछ लोग 12 से 15 वर्ष की आयु के राहुल नामक बालक को ऑटो रिक्शा से कलेक्ट्रेट लेकर पहुंचे थे। बालक की स्थिति बेहद गंभीर थी और उसके एक पैर में गहरा जख्म था, जो समय पर उपचार न मिलने के कारण लगातार बिगड़ता जा रहा था।

इसी दौरान अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) अरविंद कुमार किसी शासकीय कार्य से बाहर जा रहे थे। उनकी नजर ऑटो रिक्शा में बैठे घायल बालक पर पड़ी। बच्चे की हालत देखकर उन्होंने तुरंत अपनी गाड़ी रुकवाई और स्वयं उसके पास पहुंचकर उसकी स्थिति की जानकारी ली।

बातचीत में पता चला कि राहुल के माता-पिता नहीं हैं और उसका पालन-पोषण करने वाले संरक्षक आर्थिक रूप से बेहद कमजोर हैं। संसाधनों के अभाव में वे बच्चे का समुचित उपचार नहीं करा पा रहे थे, जिसके कारण उसका घाव लगातार गंभीर होता जा रहा था। बच्चे की पीड़ा और परिजनों की बेबसी देखकर एडीएम वित्त भावुक हो उठे।

उन्होंने बिना देर किए तत्काल आवश्यक व्यवस्थाएं कराईं और बालक को उपचार के लिए एक निजी अस्पताल भिजवाया। साथ ही अस्पताल प्रबंधन से भी बात कर इलाज में किसी प्रकार की कमी न रहने के निर्देश दिए। एडीएम ने आश्वस्त किया कि राहुल के उपचार के लिए हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

मानवीय संवेदनाओं का परिचय देते हुए उन्होंने बच्चे के साथ आई महिला को तत्काल आर्थिक सहायता भी प्रदान की, ताकि प्रारंभिक उपचार और अन्य आवश्यक जरूरतों में कोई बाधा न आए।

एडीएम वित्त अरविंद कुमार की इस संवेदनशील पहल की लोग सराहना कर रहे हैं। एक ओर जहां प्रशासनिक अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हैं, वहीं ऐसे अवसर यह साबित करते हैं कि संवेदनशीलता और मानवता ही प्रशासन की सबसे बड़ी ताकत है। राहुल के लिए यह मदद केवल इलाज की व्यवस्था नहीं, बल्कि एक नई उम्मीद और बेहतर भविष्य की ओर बढ़ाया गया महत्वपूर्ण कदम है।

सफलता की कहानी: मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान से रही अलीज़ा बनीं आत्मनिर्भर, 5 लोगों को दिया रोजगार

शाहजहाँपुर। जनपद शाहजहाँपुर के मोहल्ला अलीज़ई की निवासी रही अलीज़ा ने अपनी मेहनत, लगन और सरकारी योजनाओं का लाभ उठाकर आत्मनिर्भरता की एक प्रेरणादायक मिसाल पेश की है। बचपन से ही उनका सपना था कि वह स्वयं के पैरों पर खड़ी हों और अपने साथ-साथ अन्य लोगों को भी रोजगार उपलब्ध कराएं। इसी सोच के साथ उन्होंने अपना स्वयं का व्यवसाय शुरू करने का निर्णय लिया।

व्यवसाय स्थापित करने के दौरान उन्हें शासन द्वारा संचालित मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योजना की जानकारी प्राप्त हुई। जिला उद्योग केंद्र के अधिकारियों और कर्मचारियों के मार्गदर्शन एवं सहयोग से उन्हें ₹50 लाख का ऋण स्वीकृत हुआ, जिसके माध्यम से उन्होंने रेडीमेड गारमेंट मैन्युफैक्चरिंग इकाई की स्थापना की।

योजना से मिली आर्थिक सहायता और निरंतर परिश्रम के बल पर आज रही अलीज़ा अपने उद्यम का सफलतापूर्वक संचालन कर रही हैं। उनका व्यवसाय लगातार प्रगति कर रहा है और उन्होंने अपनी इकाई के माध्यम से 05 लोगों को रोजगार भी उपलब्ध कराया है। इससे न केवल उनकी आर्थिक स्थिति सुदृढ़ हुई है, बल्कि अन्य लोगों को भी आत्मनिर्भर बनने का अवसर प्राप्त हुआ है।

रही अलीज़ा का मानना है कि यदि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का सही तरीके से लाभ उठाया जाए, तो कोई भी व्यक्ति अपने सपनों को साकार कर सकता है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी प्रेरणादायक और दूरदर्शी नीतियों के कारण युवाओं को स्वरोजगार एवं उद्यमिता के नए अवसर प्राप्त हो रहे हैं।

उन्होंने कहा, “नौकरी खोजने वाली नहीं, बल्कि नौकरी देने वाली बनने का मेरा सपना आज साकार हो रहा है।”

रही अलीज़ा की यह सफलता की कहानी उन युवाओं के लिए प्रेरणा है, जो अपने सपनों को साकार करने और आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ना चाहते हैं।

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शाहजहांपुर: अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस से पहले अमृत सरोवर पर आयोजित हुआ योग पखवाड़ा, ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर लिया हिस्सा

शाहजहांपुर। आगामी 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष्य में मंगलवार को जनपद शाहजहांपुर की तहसील तिलहर अंतर्गत ग्राम पंचायत बीरमपुर के गांव मरेना स्थित अमृत सरोवर पर योग पखवाड़ा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लेकर योगाभ्यास किया और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया।

योग प्रशिक्षक चिवनाथ पाल एवं मिनी शर्मा ने उपस्थित जनमानस को प्रकृति से जुड़े रहने और नियमित योग करने के लाभों की जानकारी दी। इस दौरान योग प्रोटोकॉल के अनुसार ग्रीवा चालन, स्कंध चालन, ताड़ासन, घुटना संचालन, भ्रामरी प्राणायाम, अनुलोम-विलोम, शीतली प्राणायाम एवं भस्त्रिका प्राणायाम का अभ्यास कराया गया।

अमृत सरोवर परिसर में आयोजित इस योग सत्र में लाभार्थियों और ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया तथा योग प्रोटोकॉल के तहत विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम का अभ्यास कर स्वास्थ्य और फिटनेस के प्रति जागरूकता का संदेश दिया।

कार्यक्रम में ग्राम प्रधान प्रवीण कुमार गंगवार, सुधीर गंगवार, अमित कुमार, सौरभ कुमार, गौरव गंगवार, धर्मपाल, सुमित गंगवार, मेवाराम सहित अनेक ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में योग सहायक नमित कुमार का विशेष सहयोग रहा।

आयोजकों ने बताया कि अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के मद्देनजर क्षेत्र में लगातार जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि अधिक से अधिक लोग योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाकर स्वस्थ एवं निरोग जीवन अपना सकें।

रामपुर: निबंधन मित्र योजना के विरोध में बिलासपुर के वकीलों का प्रदर्शन, राज्यपाल के नाम एसडीएम को सौंपा ज्ञापन

संवाददाता: नितिन कुमार

रामपुर। जनपद रामपुर के बिलासपुर तहसील परिसर में मंगलवार को अधिवक्ताओं ने सरकार की प्रस्तावित निबंधन मित्र योजना के विरोध में धरना-प्रदर्शन कर जोरदार विरोध जताया। सुबह करीब 10:30 बजे बड़ी संख्या में वकील तहसील परिसर में एकत्र हुए और जुलूस निकालकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इसके बाद अधिवक्ताओं ने उप जिलाधिकारी (एसडीएम) अरुण कुमार के माध्यम से राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपकर योजना को तत्काल वापस लेने की मांग की।

अधिवक्ताओं का कहना है कि ऑनलाइन दस्तावेज रजिस्ट्रीकरण नियमावली-2024 के तहत प्रस्तावित निबंधन मित्र योजना जनविरोधी है और इससे रजिस्ट्री व्यवस्था निजी हाथों में चली जाएगी। उनका आरोप है कि बैनामा, इकरारनामा और रहनामा जैसे दस्तावेजों के पंजीकरण से तहसील परिसर में बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं, दस्तावेज लेखकों और अन्य लोगों को रोजगार मिलता है। नई व्यवस्था लागू होने से हजारों लोगों के सामने बेरोजगारी का संकट खड़ा हो सकता है।

प्रदर्शन के दौरान अधिवक्ताओं ने कहा कि यह योजना न केवल उनके रोजगार को प्रभावित करेगी, बल्कि तहसील परिसर की पारंपरिक कार्यप्रणाली और आम जनता की सुविधा पर भी प्रतिकूल असर डालेगी। उन्होंने सरकार से मांग की कि जनहित और रोजगार की सुरक्षा को देखते हुए इस योजना को तत्काल प्रभाव से वापस लिया जाए।

अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया, तो प्रदेशभर के वकील सड़कों पर उतरकर व्यापक आंदोलन करेंगे।

धरना-प्रदर्शन का नेतृत्व बार अध्यक्ष राजेंद्र सक्सेना, सचिव राकेश शर्मा, लॉयर्स अध्यक्ष अरविंद गुप्ता और सचिव प्रवेश चौहान ने किया। इस दौरान शिव कुमार गुप्ता, संतोष सिंह खैरा, हरकिशोर, संतोष जौहरी, जसप्रीत सिंह बाजवा, उदित जौहरी, हरिश्चंद्र गुप्ता सहित बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे।

बिजनौर में ओवरलोड डंपरों का आतंक, क्या किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा प्रशासन?

 

रिपोर्ट: राकेश कुमार

बिजनौर। जनपद बिजनौर के ब्लॉक नजीबाबाद और थाना मंडावली क्षेत्र में उत्तराखंड सीमा से आने वाले रेत-बजरी से भरे ओवरलोड और ओवरहाइट डंपरों का संचालन लगातार जारी है। भारी वाहनों की आवाजाही से क्षेत्र में दुर्घटना की आशंका बढ़ गई है और स्थानीय लोगों में भय का माहौल बना हुआ है।

हैरानी की बात यह है कि लगातार शिकायतों, समाचार प्रकाशन और सोशल मीडिया पर मुद्दा उठाए जाने के बावजूद संबंधित विभागों की ओर से कोई प्रभावी कार्रवाई होती नजर नहीं आ रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इन भारी वाहनों से न केवल सड़कों को नुकसान पहुंच रहा है, बल्कि आम लोगों की जान भी खतरे में पड़ रही है।

क्षेत्रवासियों और जनप्रतिनिधियों का आरोप है कि ओवरलोड और ओवरहाइट डंपरों के खिलाफ समय रहते कार्रवाई नहीं की गई तो किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता है। सवाल यह उठ रहा है कि आखिर जिम्मेदार विभाग कब जागेगा? क्या प्रशासन किसी दुर्घटना के बाद ही सख्त कदम उठाएगा?

पत्रकार और सामाजिक कार्यकर्ता लगातार जनहित के इस गंभीर मुद्दे को उठा रहे हैं। उनका कहना है कि शिकायतों और समाचारों की लगातार अनदेखी केवल पत्रकारों की आवाज को दबाना नहीं, बल्कि आम जनता की चिंताओं को नजरअंदाज करना भी है।

क्षेत्र की जनता ने प्रशासन से मांग की है कि तत्काल संयुक्त अभियान चलाकर ओवरलोड एवं ओवरहाइट वाहनों की जांच की जाए, नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन संचालकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए और आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।

धामपुर में ओयो होटलों को लेकर उठे सवाल, महिला मोर्चा ने संदिग्ध गतिविधियों की जांच की मांग को लेकर सौंपा ज्ञापन

रिपोर्ट: सना परवीन

बिजनौर। धामपुर नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित कुछ ओयो होटलों को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं। भारतीय किसान यूनियन जनशक्ति पश्चिमी उत्तर प्रदेश की महिला मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष कविता राणा के नेतृत्व में संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने पुलिस क्षेत्राधिकारी (सीओ) धामपुर अंजनी कुमार चतुर्वेदी को ज्ञापन सौंपकर कथित संदिग्ध गतिविधियों की जांच और आवश्यक कार्रवाई की मांग की।

ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि धामपुर-नगीना, नहटौर, ग्राम कश्मीरी, ग्राम जैतरा, ग्राम सुहागपुर, ग्राम ढक्का कर्मचंद तथा नगीना-शेरकोट फोरलेन हाईवे के आसपास संचालित कुछ होटल नियमों की अनदेखी कर ऐसे कार्यों का केंद्र बने हुए हैं, जिनसे सामाजिक वातावरण प्रभावित हो रहा है।

संगठन का दावा है कि पूर्व में भी पुलिस द्वारा कुछ होटलों पर छापेमारी के दौरान अनियमितताएं सामने आई थीं, लेकिन स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ। महिला मोर्चा पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि कुछ होटलों में बाहरी लोगों का लगातार आवागमन बना रहता है और अवैध गतिविधियों की आशंका बनी हुई है।

उन्होंने कहा कि इससे आसपास रहने वाले परिवारों में असुरक्षा की भावना बढ़ रही है तथा युवाओं पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। संगठन ने सभी संदिग्ध होटलों की गहन जांच, आगंतुकों के सत्यापन तथा अभिलेखों की पड़ताल की मांग की है।

महिला मोर्चा ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन व्यापक आंदोलन करने को बाध्य होगा।

पुलिस क्षेत्राधिकारी धामपुर अंजनी कुमार चतुर्वेदी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए ज्ञापन प्राप्त किया और जांच कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई का आश्वासन दिया।

हरदोई पुलिस की बड़ी कार्रवाई: लाखों की हीरोइन और 5 किलो से अधिक गांजे के साथ दो नशा तस्कर गिरफ्तार

रिपोर्टर: रजनीश शर्मा

हरदोई। जनपद में नशीले पदार्थों की तस्करी और बिक्री के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत कोतवाली शहर पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए दो शातिर तस्करों को लाखों रुपये की हीरोइन और अवैध गांजे के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस की इस कार्रवाई से नशा तस्करों में हड़कंप मच गया है।

पुलिस को मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर कोतवाली शहर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए हरपालपुर थाना क्षेत्र के हरियापुर निवासी पंकज सिंह और अंकित मिश्रा को गिरफ्तार किया। तलाशी के दौरान दोनों आरोपियों के कब्जे से 625 ग्राम हीरोइन और 5 किलो से अधिक अवैध गांजा बरामद किया गया।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार बरामद हीरोइन की कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार में लाखों रुपये आंकी जा रही है। गिरफ्तार तस्करों से पूछताछ की जा रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि वे नशीले पदार्थ कहां से लाते थे और किन लोगों तक इसकी सप्लाई करते थे।

पुलिस ने बताया कि दोनों आरोपी पहले भी आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहे हैं और उनके खिलाफ पूर्व में कई मुकदमे दर्ज हैं। फिलहाल पुलिस इनके नेटवर्क से जुड़े अन्य तस्करों और खरीदारों की तलाश में जुटी हुई है।

जनपद में नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ पुलिस का अभियान लगातार जारी है और अधिकारियों का कहना है कि युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने के लिए ऐसे अपराधियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

बाराबंकी में केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने पर विकास प्रदर्शनी एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम का शुभारंभ, जिला पंचायत अध्यक्षा राजरानी रावत ने किया उद्घाटन

रिपोर्ट : सन्दीप वर्मा

बाराबंकी। केंद्र सरकार के सेवा, सुशासन एवं गरीब कल्याण के 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में संचालित जन-जागरूकता एवं जनकल्याण अभियान के अंतर्गत बुधवार को राजकीय इंटर कॉलेज (जीआईसी) ऑडिटोरियम में विकास प्रदर्शनी एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम का भव्य शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन जिला पंचायत अध्यक्षा राजरानी रावत ने फीता काटकर किया। इस दौरान उन्होंने प्रदर्शनी का अवलोकन करने के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी शुभारंभ किया।

कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष राम सिंह वर्मा भी उपस्थित रहे। अतिथियों ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का निरीक्षण कर केंद्र एवं प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, विकास कार्यों तथा आत्मनिर्भर भारत अभियान के अंतर्गत प्राप्त उपलब्धियों की जानकारी प्राप्त की।

प्रदर्शनी में बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार, कृषि, उद्यान, स्वास्थ्य, मिशन शक्ति, पशुधन, मत्स्य, श्रम, कौशल विकास मिशन, उद्योग प्रोत्साहन एवं उद्यमिता विकास, डूडा, खादी एवं ग्रामोद्योग, खाद्य एवं रसद, उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन तथा बेसिक शिक्षा विभाग सहित विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाए गए हैं। इन स्टॉलों के माध्यम से आमजन को शासन की विभिन्न योजनाओं, लाभार्थीपरक कार्यक्रमों एवं विकास परियोजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की जा रही है।

अतिथियों ने कहा कि बीते 12 वर्षों में देश ने विकास, सुशासन, आधारभूत संरचना, महिला सशक्तिकरण, किसान कल्याण, सामाजिक सुरक्षा एवं आत्मनिर्भरता के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। विकास प्रदर्शनी के माध्यम से आमजन इन उपलब्धियों को निकट से देख एवं समझ सकेंगे तथा विभिन्न योजनाओं का लाभ प्राप्त करने के लिए आवश्यक जानकारी भी प्राप्त कर सकेंगे।

प्रदर्शनी में योजनाओं से संबंधित परामर्श एवं पंजीकरण की व्यवस्था भी उपलब्ध कराई गई है। साथ ही 18 और 19 जून को प्राकृतिक खेती विषयक विशेष कार्यशाला एवं लाइव डेमो का आयोजन किया जाएगा, जिसमें किसानों को प्राकृतिक खेती की आधुनिक, वैज्ञानिक एवं टिकाऊ तकनीकों की जानकारी दी जाएगी।

इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी अन्ना सुदन, परियोजना निदेशक, डीआरडीए राकेश कुमार सिंह, समस्त जनपद स्तरीय अधिकारी, जनप्रतिनिधिगण एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।

किसान दिवस में गूंजे भुगतान, सिंचाई और खाद के मुद्दे, एडीएम ने दिए त्वरित समाधान के निर्देश

रिपोर्ट: कबीर

मुजफ्फरनगर। किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए बुधवार को आयोजित किसान दिवस में भुगतान, सिंचाई, उर्वरक वितरण और चकबंदी से जुड़े मुद्दे प्रमुखता से उठाए गए। जिला पंचायत सभागार में आयोजित किसान दिवस की अध्यक्षता अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) संजय कुमार सिंह ने की। इस दौरान किसानों ने अपनी विभिन्न समस्याएं अधिकारियों के समक्ष रखीं, जिनके निस्तारण के लिए संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

शासन के निर्देशानुसार प्रत्येक माह के तृतीय बुधवार को आयोजित होने वाले किसान दिवस की शुरुआत पिछली बैठक में प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की समीक्षा से हुई। साथ ही किसानों को कृषि एवं कृषि से जुड़े विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी भी प्रदान की गई।

बैठक में आदमपुर मौचड़ी के योगेश प्रधान ने कोऑपरेटिव सोसायटी में किसानों को पर्याप्त मात्रा में उर्वरक उपलब्ध न कराए जाने का मुद्दा उठाया। वहीं जंधेड़ी निवासी मनोज कुमार सैनी ने शिकायत की कि जानसठ कटका माइनर से उनके गांव में पिछले पांच वर्षों से सिंचाई के लिए पानी नहीं पहुंच रहा है, जिससे किसानों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

इसके अलावा मुथरा निवासी सुदेश पाल एवं धुमन सिंह ने चकबंदी विभाग से संबंधित समस्याओं को अधिकारियों के समक्ष रखा और उनके शीघ्र समाधान की मांग की।

अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) संजय कुमार सिंह ने किसानों को आश्वस्त किया कि उनकी शिकायतों का व्यक्तिगत स्तर पर संज्ञान लेकर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिकायतों के निस्तारण की आख्या जन शिकायत मोबाइल ऐप पर अपलोड की जाए तथा उसकी हार्ड कॉपी उप कृषि निदेशक कार्यालय में भी उपलब्ध कराई जाए।

एडीएम ने आगामी किसान समाधान दिवस में सभी विभागीय अधिकारियों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए, ताकि किसानों की समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया जा सके।

बैठक के अंत में किसानों और अधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए किसान दिवस का समापन किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।