प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मानकों की खुलेआम अनदेखी।
बगैर एनओसी के धड़ल्ले से चल रहे ईट भट्ठे।
मानकों की अनदेखी कर फैला रहे गांवों में प्रदूषण।
अवैध रूप से चल रहे ईट भट्ठों को लेकर प्रशासन बेपरवाह।
रिपोर्ट – एकरार खान

गाजीपुर। गाजीपुर में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के नियमो और कानून की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही है।गाजीपुर में संचालित हो रहे तमाम ईट भट्ठे प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के नियमों और कानून की खुलेआम धज्जियां उड़ा रहे हैं।इतना ही नही जिले में कई ईट भट्ठे अवैध रूप से भी संचालित किए जा रहे हैं।जबकि अवैध रूप से चल रहे ऐसे ईट भट्ठों को लेकर जिला प्रशासन बेपरवाह बना हुआ है।गौरतलब है कि ईट भट्ठों के संचालन के लिए कई विभागों से एनओसी अनिवार्य है।

ईट भट्ठों के संचालन के लिए कई सरकारी विभागों से लाइसेंस की आवश्यकता होती है।जब तक सभी विभागों से लाइसेंस और एनओसी नही प्राप्त होती तब तक ईट भट्ठों का संचालन अवैध माना जाता है।लेकिन स्थानीय सरकारी अफसरों और कर्मचारियों की मिलीभगत से गाजीपुर में बड़े पैमाने पर बगैर लाइसेंस और एनओसी की जरुरी औपचारिकता पूरी किये ईट भट्ठों का संचलन किया जा रहा है।बताया जा रहा है कि ईट भट्ठों के संचालन के लिए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड,जिला पंचायत परिषद और जिला प्रशासन से सभी जरूरी नियमों की औपचारिकता पूरी होने के बाद ही एनओसी और लाइसेंस दिया जाता है।बताया जा रहा है कि ईट भट्ठे शहरी या ग्रामीण आबादी से कम से कम एक किलोमीटर की दूरी पर ही स्थापित होने चाहिए।

इसी तरह किसी स्कूल या बाग बागीचे से भी ईट भट्ठों की दूरी कम से कम एक किलोमीटर की होनी चाहिए।इन जरूरी नियमों के साथ ही किसी भी ईट भट्ठों को प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से एनओसी लेना अनिवार्य है।ईट भट्ठों को प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से एनओसी न मिलने पर ईट भट्ठों का किसी भी भी तरह संचालन नही किया जा सकता।पॉल्यूशन सर्टिफिकेट न होने पर संचालित ईट भट्ठे पोइरी तरह अवैध माने जाते है।लेकिन गाजीपुर में कई ईट भट्ठे पॉल्यूशन सर्टिफिकेट न मिलने पर भी धड़ल्ले से चल रहे है।जिसमे स्थानीय अफसरो और कर्मचारियों की मिलभगत नजर आ रही है।फिलहाल इस मामले में नियमों और कानून की ईंट भट्ठा संचालक खुलेआम धज्जियां उड़ा रहे है और मोटा मुनाफा बना रहे है।जबकि अवैध रूप से संचालित हो रहे ईट भट्ठों को लेकर प्रशासनिक अफसर कड़ी कार्यवाही का दम भर रहे हैं।

