रिपोर्ट – कबीर
मुजफ्फरनगर। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसानों को आधुनिक खेती और नई कृषि तकनीकों से जोड़ने के लिए मुजफ्फरनगर में तीन दिवसीय राष्ट्रीय कृषि प्रगति एक्सपो एवं किसान संगोष्ठी-2026 का आयोजन होने जा रहा है। एक से तीन नवंबर तक जानसठ रोड स्थित द्वारका सिटी के निकट कृषि फार्म पर लगने वाले इस एक्सपो में 200 से अधिक कंपनियां कृषि क्षेत्र की आधुनिक तकनीकों, मशीनों और उत्पादों का प्रदर्शन करेंगी। आयोजन में प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार एवं जनपद के प्रभारी मंत्री डॉ. सोमेंद्र तोमर और पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. संजीव बालियान मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे।
CIDF के तत्वावधान में होने वाले इस आयोजन में मुजफ्फरनगर के अलावा आसपास के जिलों से हजारों किसानों के पहुंचने की उम्मीद है। आयोजकों ने प्रतिदिन पांच से दस हजार किसानों और आगंतुकों की भागीदारी का लक्ष्य रखा है। एक्सपो में बीज, उर्वरक, कृषि यंत्र, फसल सुरक्षा, सिंचाई तकनीक, डेयरी, पशुपालन, सोलर ऊर्जा, जैविक खेती, हाइड्रोपोनिक्स और खाद्य प्रसंस्करण से जुड़ी कंपनियां अपने उत्पाद और तकनीकें प्रदर्शित करेंगी।
एक छत के नीचे मिलेगी खेती की आधुनिक तकनीकों की जानकारी
एक्सपो का मुख्य आकर्षण आधुनिक कृषि उपकरण और नई तकनीकें रहेंगी। किसानों को उन्नत बीज, गुणवत्तापूर्ण खाद, कृषि यंत्रों और फसल सुरक्षा उत्पादों की जानकारी एक ही स्थान पर मिलेगी। किसान कंपनियों के प्रतिनिधियों से सीधे संवाद कर उत्पादों की उपयोगिता और खेती में उनके इस्तेमाल की जानकारी ले सकेंगे।
किसान संगोष्ठी में खेती की चुनौतियों पर होगा मंथन
आयोजन में किसान संगोष्ठी भी होगी, जिसमें कृषि वैज्ञानिक, विशेषज्ञ और प्रगतिशील किसान खेती की मौजूदा चुनौतियों और उनके समाधान पर चर्चा करेंगे। मृदा स्वास्थ्य, संतुलित उर्वरक प्रबंधन, कीट एवं रोग नियंत्रण, प्राकृतिक खेती, स्मार्ट फार्मिंग, डिजिटल कृषि, जल प्रबंधन और कृषि उद्यमिता जैसे विषय प्रमुख रहेंगे। सरकारी विभागों के माध्यम से किसानों को विभिन्न योजनाओं, कौशल विकास और कृषि आधारित रोजगार के अवसरों की जानकारी भी दी जाएगी।
टिकैत बंधुओं समेत कई बड़े किसान नेताओं को न्योता
एक्सपो में राजनीतिक और किसान संगठनों से जुड़े कई बड़े चेहरों की मौजूदगी भी प्रस्तावित है। कैबिनेट मंत्री भूपेंद्र चौधरी, अनिल कुमार, राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार कपिल देव अग्रवाल और नरेंद्र कश्यप, सांसद हरेंद्र मलिक, विधायक राजपाल बालियान, पंकज मलिक और प्रसन्न चौधरी को आमंत्रित किया गया है। पूर्व विधायक उमेश मलिक, भाजपा नेता गौरव स्वरूप और नगर पालिका अध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप को भी न्योता भेजा गया है।
किसान संगठनों की ओर से भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत और राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत के अलावा किसान मजदूर संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष ठाकुर पूरन सिंह, भाकियू तोमर के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी संजीव तोमर, मांगेराम त्यागी और अक्षु त्यागी सहित कई किसान नेताओं को आमंत्रित किया गया है।
एक नवंबर को उद्घाटन, तीन दिन चलेगा कार्यक्रम
एक नवंबर को उद्घाटन समारोह के साथ एक्सपो की शुरुआत होगी। पहले दिन अतिथियों के संबोधन के साथ कृषि कंपनियों और आधुनिक तकनीकों का परिचय कराया जाएगा। दो और तीन नवंबर को भी प्रदर्शनी, किसान संगोष्ठी और विशेषज्ञों के साथ संवाद के कार्यक्रम होंगे।
आयोजकों के मुताबिक, इस आयोजन का उद्देश्य किसानों को पारंपरिक खेती के साथ आधुनिक तकनीक अपनाने, उत्पादन क्षमता बढ़ाने और कृषि आधारित नए व्यवसायों से जोड़ना है। विकसित भारत-2047 के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए खेती को तकनीक-सक्षम, टिकाऊ और आर्थिक रूप से मजबूत बनाने पर जोर दिया जाएगा। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसानों के लिए यह एक्सपो नई तकनीकों और कृषि क्षेत्र में उभरते अवसरों को समझने का बड़ा मंच साबित हो सकता है।
