रिपोर्ट – कबीर
मुजफ्फरनगर। चार साल पुराने चर्चित मामले में भोपा पुलिस ने सीकरी गांव के ग्राम प्रधान राजेंद्र को गिरफ्तार कर लिया। महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता से अभद्रता, सरकारी काम में बाधा, कुर्सी तोड़ने और जान से मारने की धमकी देने के आरोप में दर्ज मुकदमे में न्यायालय के गैर-जमानती वारंट के बाद यह कार्रवाई हुई। मुकदमे में नामजद प्रधान का बड़ा भाई राजू उर्फ राजकुमार अभी फरार है और पुलिस उसकी तलाश में दबिश दे रही है।
चार साल पहले स्वास्थ्य उपकेंद्र सीकरी में महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता रचना शर्मा से कथित अभद्रता और सरकारी काम में बाधा डालने का मामला सामने आया था। आरोप था कि ग्राम प्रधान राजेंद्र और उसके बड़े भाई राजू उर्फ राजकुमार उन पर अपने हिसाब से काम करने का दबाव बना रहे थे। बात नहीं मानने पर स्थानांतरण कराने और गांव में नौकरी नहीं करने देने की धमकी देने का भी आरोप लगाया गया था।
2 जून 2021 की शाम स्वास्थ्य उपकेंद्र में पहुंचे दोनों भाइयों पर हंगामा करने और सरकारी कुर्सी में लात मारने का आरोप है। शिकायत के मुताबिक कुर्सी टूटने से महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता नीचे गिर गई थीं। इसके बाद जान से मारने की धमकी देने और सरकारी कार्य में बाधा डालने के आरोप में भोपा थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया था।
पुलिस ने मुकदमा अपराध संख्या 211/2021 में आईपीसी की धारा 353, 189, 427, 504 और 506 के तहत कार्रवाई की थी। मामला न्यायालय पहुंचने के बाद वाद संख्या 18392/2021 के रूप में विचाराधीन रहा।
शिकायतकर्ता ने 10 सितंबर 2026 को एसएसपी से शिकायत कर आरोप लगाया था कि न्यायालय से ग्राम प्रधान राजेंद्र और उसके भाई राजू के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी होने के बावजूद गिरफ्तारी नहीं हो रही है। राजेंद्र के खिलाफ 3 सितंबर को धारा 82 सीआरपीसी की प्रक्रिया भी अमल में लाई गई थी।
एसएसपी स्तर पर मामला पहुंचने के बाद पुलिस ने कार्रवाई तेज की और सीकरी के ग्राम प्रधान राजेंद्र को गिरफ्तार कर लिया। वहीं राजू उर्फ राजकुमार अभी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। उसकी तलाश में संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है।
