रिपोर्टर: कबीर, ब्यूरो टीम
मुजफ्फरनगर। अयोध्या स्थित श्रीराम मंदिर में चढ़ावे और दान राशि से जुड़े कथित घोटाले एवं चोरी के मामले को लेकर जिला कांग्रेस कमेटी ने बुधवार को विरोध दर्ज कराया। कांग्रेस पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी के माध्यम से महामहिम राज्यपाल को ज्ञापन भेजकर पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कराने के साथ-साथ दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
जिला कांग्रेस कमेटी ने सौंपा ज्ञापन
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सत्यपाल कटारिया के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे और प्रशासन को ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में कहा गया कि श्रीराम मंदिर देश के करोड़ों लोगों की आस्था और श्रद्धा का केंद्र है। मंदिर में आने वाले दान और चढ़ावे से जुड़े मामलों में सामने आई खबरों ने श्रद्धालुओं की भावनाओं को प्रभावित किया है और इस पूरे मामले की पारदर्शी जांच आवश्यक है।
एसआईटी जांच पर उठाए सवाल
कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित किए जाने के बावजूद अब तक एफआईआर दर्ज नहीं की गई है। पार्टी का कहना है कि इससे जांच प्रक्रिया की निष्पक्षता और पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
कांग्रेस ने मांग की है कि मामले में तत्काल मुकदमा दर्ज कर विधिक प्रक्रिया शुरू की जाए और जांच को पूरी निष्पक्षता के साथ अंजाम दिया जाए।
दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग
ज्ञापन में कांग्रेस ने मांग की है कि यदि जांच में कोई भी व्यक्ति दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।
पार्टी नेताओं का कहना है कि धार्मिक आस्था से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की अनियमितता या लापरवाही स्वीकार नहीं की जानी चाहिए।
धार्मिक संस्थाओं में पारदर्शिता जरूरी
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है। इससे श्रद्धालुओं का विश्वास बना रहता है और संस्थाओं की विश्वसनीयता भी मजबूत होती है।
उन्होंने कहा कि धार्मिक आस्था से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार का संदेह पैदा होना समाज के लिए चिंताजनक स्थिति है, इसलिए जांच निष्पक्ष और समयबद्ध तरीके से पूरी होनी चाहिए।
बड़ी संख्या में मौजूद रहे पदाधिकारी और कार्यकर्ता
ज्ञापन सौंपने के दौरान जिला कांग्रेस कमेटी के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग दोहराई।
प्रशासन से शीघ्र कार्रवाई की अपेक्षा
कांग्रेस नेताओं ने उम्मीद जताई कि प्रशासन इस मामले को गंभीरता से लेते हुए राज्यपाल तक उनकी मांग पहुंचाएगा और संबंधित एजेंसियां जांच प्रक्रिया को तेज करेंगी।
उन्होंने कहा कि धार्मिक आस्था और जनविश्वास की रक्षा के लिए पारदर्शी जांच और जवाबदेही सुनिश्चित करना अत्यंत आवश्यक है।
नोट: यह मांग कांग्रेस पार्टी द्वारा सौंपे गए ज्ञापन और उनके आरोपों पर आधारित है। मामले में अंतिम निष्कर्ष संबंधित जांच एजेंसियों की आधिकारिक जांच रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट होगा।
