रिपोर्ट – कबीर

मुजफ्फरनगर। जनगणना 2027 को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। बुधवार को जिला पंचायत सभागार में मुख्य विकास अधिकारी कमल किशोर देशभूषण कंडारकर की अध्यक्षता में अहम बैठक आयोजित हुई, जिसमें अधिकारियों को डिजिटल जनगणना की प्रक्रिया को समयबद्ध और त्रुटिरहित तरीके से पूरा कराने के निर्देश दिए गए।
बैठक में सीडीओ ने स्पष्ट किया कि वर्ष 2021 में प्रस्तावित जनगणना कोविड-19 महामारी के चलते पूरी नहीं हो सकी थी, जिसे अब 2027 के रूप में लागू किया जा रहा है। इस बार जनगणना पूरी तरह डिजिटल मोड में होगी, जिसकी शुरुआत 7 मई से 21 मई 2026 तक ‘सेल्फ एन्यूमरेशन’ के पहले चरण से की जाएगी। इस दौरान आम नागरिक स्वयं पोर्टल पर लॉगिन कर अपनी जानकारी भर सकेंगे।
सीडीओ ने बताया कि जनगणना के तहत कुल 33 प्रश्न पूछे जाएंगे, जिनमें नागरिकों को विशेष सतर्कता के साथ अपनी सही जानकारी दर्ज करनी होगी। उन्होंने अधिकारियों से अपील की कि अधिक से अधिक लोगों को सेल्फ एन्यूमरेशन के लिए प्रेरित करें, ताकि जब प्रगणक घर-घर पहुंचे तो प्रक्रिया सरल और तेज हो सके।
उन्होंने आगे बताया कि मकानों की गणना का कार्य 22 मई से 20 जून तक चलेगा। इस दौरान प्रगणक प्रत्येक क्षेत्र में घर-घर जाकर भवन स्वामियों से आवश्यक जानकारी एकत्र करेंगे।
अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) गजेंद्र कुमार ने बैठक में कहा कि जनपद को 14 सेक्टरों में विभाजित कर तैयारी शुरू कर दी गई है। उन्होंने सभी विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों को स्वयं भी सेल्फ एन्यूमरेशन करने और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने जानकारी दी कि 7 मई से 21 मई तक अलग-अलग वर्गों—सरकारी कर्मचारी, जनप्रतिनिधि, मीडिया, पुलिस, अर्धसैनिक बल, वकील और न्यायिक अधिकारियों के लिए अलग-अलग तिथियां निर्धारित की गई हैं। 7 मई को कलेक्ट्रेट कर्मियों, राजस्व, जीएसटी, स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन तथा आबकारी विभाग के कर्मचारियों के लिए सेल्फ एन्यूमरेशन की तिथि तय की गई है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया कि यदि किसी को भी प्रक्रिया के दौरान कोई तकनीकी या अन्य समस्या आती है, तो वह सीधे नोडल अधिकारी गौरव झा के मोबाइल नंबर 9504541986 पर संपर्क कर सकता है।
बैठक में नगर मजिस्ट्रेट पंकज प्रकाश राठौर, तहसीलदार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

