रिपोर्ट – कबीर

मुजफ्फरनगर। मुज़फ्फरनगर के मीरापुर और जानसठ में लग रही अवैध साप्ताहिक पैठ बाजारों के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। जिलाधिकारी कार्यालय से जारी दो अलग-अलग पत्रों में जानसठ और मीरापुर क्षेत्र में लगने वाले अवैध पैठ बाजारों को बंद कराने के आदेश दिए हैं। लेकिन जिलाधिकारी के द्वारा जारी आदेशों का अधिनिष्ठ अधिकारी ठेंगा दिखा रहे है। स्थानीय पुलिस प्रशासन से साठ-गांठ कर मीरापुर और जानसठ में अवैध साप्ताहिक बाजार लगवाया जा रहा है।
मुज़फ्फरनगर के खालापार निवासी मोहम्मद सलमान नें वर्ष 2025-26 के लिए मंगल बाजार का ठेका 1 करोड़ 64 लाख 50 हजार रु प्लस GST में लेने का लिया था। प्रशासन से शिकायत की थी कि सोमवार को जानसठ और मंगलवार को मीरापुर में अवैध पैठ बाजार लगाए जा रहे हैं। इससे उनके अधिक धनराशि देकर लिए गए ठेके पर आर्थिक असर पड़ रहा है और बाजार में आने वाले दुकानदारों की संख्या कम हो रही है।

शिकायत के आधार पर जिला प्रशासन ने उपजिलाधिकारी और क्षेत्राधिकारी को निर्देश जारी करते हुए अवैध पैठ बाजारों को तत्काल बंद कराने तथा नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के आदेश जारी किए है। जिसकी प्रतिलिपि वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण, संबंधित थाना प्रभारी और ठेकेदार को भी भेजी गई है।
प्रशासन की इस कार्रवाई से क्षेत्र में अवैध बाजार संचालन करने वालों में हड़कंप मचा हुआ है। लेकिन स्थानीय पुलिस की मदद से जानसठ थाना क्षेत्र और मीरापुर थाना क्षेत्र में ठेकेदार अवैध पेंठ बाजार लगा रहे हैं। मुज़फ्फरनगर के नुमाइश मैदान में लगने वाला पेठ बाजार का ठेका डेड करोड़ों रूपये से अधिक मे ज़िला प्रशासन द्वारा छोड़ा जाता है जिसकी वजह से पिछले ठेके में भी ठेकेदारों को लगभग 42 लाख रुपए का नुकसान हुआ था। इसी को लेकर ठेकेदारों ने मिरापुर और जानसठ में लग रहे अवैध पैठ बाजार की शिकायत प्रशासन से की थी जिसको लेकर प्रशासन ने पीठ बाजार बंद करने के निर्देश दिए लेकिन स्थानीय पुलिस द्वारा पैठ बाजार लगाने वालों पर कोई कार्यवाही नहीं की जा रही है जिस ठेकेदारों में नुकसान होने का डर बना हुआ है।

