रिपोर्ट – कबीर

मुजफ्फरनगर। महिला आरक्षण और नारी सम्मान के मुद्दे पर सियासी घमासान के बीच बुधवार को भारतीय जनता पार्टी ने शहर की सड़कों पर ताकत दिखाई। कांग्रेस और इंडिया गठबंधन की कथित महिला विरोधी नीतियों के खिलाफ निकाली गई जनआक्रोश पदयात्रा में महिलाओं, जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं की भीड़ उमड़ी। टाउनहाल मैदान से शिव चौक तक निकली पदयात्रा ने शहर का राजनीतिक माहौल गरमा दिया।
पदयात्रा के दौरान महिला सशक्तिकरण और अधिकारों को लेकर जमकर नारेबाजी हुई। “महिला हितों पर प्रहार बंद करो”, “नारी शक्ति को अधिकार दो” और “महिला सम्मान पर राजनीति नहीं चलेगी” जैसे नारों से पूरा मार्ग गूंज उठा। भाजपा नेताओं ने इसे महिलाओं की आवाज को बुलंद करने वाला अभियान बताया।

नगरपालिका परिषद अध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप ने कहा कि महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और अधिकारों की रक्षा के लिए समाज के हर वर्ग को आगे आना होगा। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण जैसे अहम मुद्दे पर राजनीति करना महिलाओं के सशक्तिकरण में बाधा है। महिलाओं की भागीदारी और नेतृत्व बढ़ाए बिना देश और समाज का समग्र विकास संभव नहीं है।
उन्होंने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को महिलाओं के अधिकार मजबूत करने की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताते हुए विपक्षी दलों पर इस पहल को कमजोर करने का आरोप लगाया। कहा कि भाजपा सरकार ने महिलाओं को निर्णय प्रक्रिया में बराबरी दिलाने का संकल्प लिया है।
कार्यक्रम में जिलाध्यक्ष डॉ. सुधीर सैनी, एमएलसी वंदना वर्मा सहित अन्य वक्ताओं ने भी महिला आरक्षण पर पार्टी की प्रतिबद्धता दोहराई। नेताओं ने कहा कि महिलाओं को राजनीतिक और सामाजिक रूप से मजबूत बनाना समय की मांग है और इसके लिए ठोस इच्छाशक्ति चाहिए।
पदयात्रा में पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. संजीव बालियान, पूर्व सांसद अनुराधा चौधरी, ब्लॉक प्रमुख अक्षय पुंडीर, पूर्व विधायक उमेश मलिक, अशोक कंसल, सुशीला अग्रवाल, आंचल तोमर, ठा. रामनाथ सिंह, पवन अरोरा, सुभाष शर्मा, श्रीमोहन तायल, अभिषेक चौधरी, रूपेन्द्र सैनी, विजय शुक्ला, शरद शर्मा, संजय गर्ग, सुनील दर्शन, मनोज वर्मा, राजीव शर्मा, बॉबी सिंह, शोभित गुप्ता, कविता सैनी, ममता अग्रवाल, रोहतास पाल, विशाल गर्ग, कार्तिक काकरान, अंजली चौधरी, श्वेता कौशिक समेत पदाधिकारी और महिला कार्यकर्ता मौजूद रहीं।

