रिपोर्ट – कबीर
मुजफ्फरनगर। किसानों के ट्यूबवेल और बिजली के ट्रांसफार्मरों को निशाना बनाकर विद्युत उपकरण चोरी करने वाले गिरोह पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। ऑपरेशन किसान प्रहरी के तहत ककरौली पुलिस और एसओजी देहात की संयुक्त टीम ने मुठभेड़ के बाद गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया है। इनमें दो बदमाश पुलिस की जवाबी कार्रवाई में घायल हुए हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से ट्रांसफार्मर की आठ कॉयल, कॉपर और एल्यूमिनियम के तार, विद्युत उपकरण, चोरी में इस्तेमाल होने वाले औजार, दो तमंचे और दो मोटरसाइकिल बरामद की हैं।
पुलिस के मुताबिक, शुक्रवार को ककरौली थाना पुलिस और एसओजी देहात की टीम आश्रम चौराहे पर संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान दो मोटरसाइकिलों पर सवार चार युवक आते दिखाई दिए। पुलिस ने उन्हें रुकने का इशारा किया तो आरोपी रुकने के बजाय मोटरसाइकिल मोड़कर भागने लगे। इस दौरान दोनों मोटरसाइकिलें आपस में टकराकर गिर गईं। इसके बाद चारों आरोपी गन्ने के खेत में घुस गए।
पुलिस टीम ने घेराबंदी कर आरोपियों को आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी, लेकिन आरोप है कि बदमाशों ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग शुरू कर दी। जवाब में पुलिस ने आत्मरक्षा में नियंत्रित फायरिंग की, जिसमें दो बदमाश कलीम और आबिद घायल हो गए। पुलिस ने दोनों को घायल अवस्था में दबोच लिया, जबकि बाकी दो आरोपियों अदनान और शादाब को कांबिंग के दौरान गिरफ्तार कर लिया गया।
कलीम पर 30 से अधिक मुकदमे, गिरोह का सरगना
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कलीम उर्फ बिहारी, आबिद और शादाब निवासी गांव निराना थाना सिखेड़ा तथा अदनान निवासी मंसूरपुर के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, कलीम शातिर हिस्ट्रीशीटर है और उसके खिलाफ विभिन्न थानों में 30 से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। वह सिखेड़ा थाने में पंजीकृत चोरी गैंग का सरगना भी बताया गया है।
नौ चोरी की घटनाओं का खुलासा
पुलिस का दावा है कि आरोपियों ने पूछताछ में मुजफ्फरनगर के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में ट्यूबवेल से विद्युत उपकरण और ट्रांसफार्मरों से सामान चोरी करने की घटनाएं कबूल की हैं। इनकी गिरफ्तारी से छपार, मीरापुर, सिखेड़ा, रामराज, भोपा और जानसठ थाना क्षेत्रों में दर्ज नौ मुकदमों का खुलासा हुआ है।
पूछताछ में सामने आया कि गिरोह के सदस्य ट्यूबवेल और ट्रांसफार्मरों से कॉपर, एल्यूमिनियम के तार तथा अन्य कीमती विद्युत उपकरण चोरी करते थे। इसके बाद चोरी का सामान कबाड़ी का काम करने वाले अदनान को बेच दिया जाता था। आरोपी चोरी के सामान को बेचकर अवैध कमाई करते थे। पुलिस के अनुसार, वारदातों में गिरोह के सदस्य अलग-अलग भूमिकाएं निभाते थे।
आठ कॉयल, कॉपर और एल्यूमिनियम का सामान बरामद
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तीन कॉपर एंगल, तीन कॉपर कटआउट, कॉपर की 14 पत्तियां, पांच किलो कॉपर तार, तीन विद्युत केबल, एल्यूमिनियम तार का एक बंडल और ट्रांसफार्मर की आठ कॉयल बरामद की हैं। इसके अलावा 315 बोर के दो तमंचे, चार जिंदा कारतूस, दो खोखा कारतूस और दो मोटरसाइकिल भी मिली हैं।
थानाध्यक्ष दीपक चौधरी और एसओजी प्रभारी मोहित चौधरी की टीम को सफलता
इस कार्रवाई में थानाध्यक्ष ककरौली दीपक चौधरी और एसओजी देहात प्रभारी मोहित चौधरी के नेतृत्व में संयुक्त टीम शामिल रही। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। घायल आरोपियों को उपचार के लिए अस्पताल भिजवाया गया है।
पुलिस की इस कार्रवाई को किसानों के ट्यूबवेल और ग्रामीण क्षेत्रों में लगे बिजली के ट्रांसफार्मरों को निशाना बनाने वाले चोर गिरोह के खिलाफ बड़ी कामयाबी माना जा रहा है। नौ मुकदमों के खुलासे से कई थाना क्षेत्रों में हुई चोरी की घटनाओं की जांच को भी दिशा मिली है।
