रिपोर्टर: कबीर
मुजफ्फरनगर। शुकतीर्थ में गंगा स्नान के दौरान तीन श्रद्धालुओं की डूबने से हुई मौत के बाद जिला प्रशासन और पुलिस पूरी तरह अलर्ट हो गई है। सोमवार को गंगा घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। श्रद्धालुओं को गहरे पानी में जाने से रोकने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया और लगातार सावधानी बरतने की अपील की गई।
गंगा घाटों पर बढ़ाई गई निगरानी
भोपा थाना क्षेत्र स्थित तीर्थनगरी शुकतीर्थ में सोमवार को पुलिस ने प्रमुख स्नान घाटों पर विशेष निगरानी रखी। पुलिसकर्मी श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थानों पर ही स्नान करने की सलाह देते रहे और गहरे पानी में न उतरने की चेतावनी देते रहे।
प्रशासन का कहना है कि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सुरक्षा व्यवस्था और मजबूत की गई है।
रविवार को हुआ था दर्दनाक हादसा
रविवार को विशाल सत्संग में शामिल होने आए श्रद्धालु गंगा स्नान के दौरान हादसे का शिकार हो गए थे। इस दुर्घटना में राजन (18) निवासी फतेहपुर कलां, जनपद बिजनौर, हिमांशु (18) निवासी बिजवाड़ा, जनपद बागपत तथा 10 वर्षीय रागनी निवासी हरनंगला, जनपद बिजनौर की डूबने से मौत हो गई थी। वहीं मनीष गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसका उपचार जारी है।
गांव पहुंचते ही मचा कोहराम
सोमवार को पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद पुलिस ने तीनों मृतकों के शव उनके परिजनों को सौंप दिए। शव गांव पहुंचते ही परिवारों में मातम छा गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
बताया गया कि मृतक हिमांशु कक्षा 11 का छात्र था। उसके परिवार में पिता सचिन, माता सीमा तथा भाई हैप्पी, अंकुश और लवकुश हैं।
सहायता राशि दिलाने की प्रक्रिया शुरू
तहसील प्रशासन ने मृतकों के परिजनों को शासन की ओर से मिलने वाली आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि नियमानुसार सभी आवश्यक सहायता प्रदान की जाएगी।
सुरक्षा व्यवस्था और होगी मजबूत
प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि गंगा घाटों पर पुलिस की तैनाती बढ़ा दी गई है। साथ ही श्रद्धालुओं से अपील की जा रही है कि वे केवल निर्धारित सुरक्षित स्थानों पर ही स्नान करें और पुलिस एवं प्रशासन द्वारा जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करें, ताकि भविष्य में इस तरह की दुखद घटनाओं से बचा जा सके।
