रिपोर्ट – कबीर
मुजफ्फरनगर। किसान दिवस में किसानों का दर्द अधिकारियों के सामने खुलकर सामने आया। बुधवार को जिला पंचायत सभागार में आयोजित किसान दिवस में गन्ना भुगतान लंबित होने, बिजली विभाग के कर्मचारियों की कथित लापरवाही, सहकारी समितियों में अनियमितताओं, राशन की घटतौली और नहर-नालों की सफाई नहीं होने समेत कई मुद्दों पर किसानों ने अधिकारियों को घेरा। किसानों ने समस्याओं से जुड़े लिखित प्रत्यावेदन भी अधिकारियों को सौंपे।
सिटी मजिस्ट्रेट दीपक कुमार पाल की अध्यक्षता में आयोजित किसान दिवस में जिलेभर से पहुंचे किसानों ने अपने-अपने गांव और परगना से जुड़ी समस्याएं रखीं। पिछले किसान दिवस में दर्ज शिकायतों के निस्तारण की जानकारी भी किसानों को दी गई। इसके बाद किसानों ने मौजूदा समस्याओं को लेकर अधिकारियों के सामने सवाल उठाए।
किसानों ने सबसे प्रमुख रूप से चीनी मिलों पर गन्ना भुगतान लंबित होने का मुद्दा उठाया। किसानों ने मांग की कि भुगतान में देरी दूर कर उन्हें समय से उनका बकाया दिलाया जाए। इसके अलावा विद्युत विभाग के कर्मचारियों की कथित लापरवाही से जुड़ी शिकायतें भी सामने आईं। नहरों और नालों की सफाई नहीं होने तथा सड़कों की बदहाली को लेकर भी किसानों ने नाराजगी जताई।
सहकारी समितियों में प्रबंध कमेटी की सहमति का मुद्दा भी गरमाया। किसानों ने आरोप लगाया कि वसूली संबंधी कार्यों में नियमों का पालन नहीं किया जा रहा। एक ही संग्रह अमीन से पूरी वसूली कराने और बिना बोर्ड की मंजूरी किसानों से वसूली कराने का मुद्दा भी किसान दिवस में उठाया गया।
राशन वितरण में भी किसानों ने अनियमितता की शिकायत की। राशन डीलरों द्वारा पात्र लोगों को पूरा राशन नहीं दिए जाने का मामला अधिकारियों के सामने रखा गया। किसानों ने संबंधित विभागों से जांच कर कार्रवाई की मांग की।
किसानों ने जनपद की सभी चीनी मिलों में सॉयल टेस्टिंग लैब स्थापित कराने का सुझाव दिया। सॉयल टेस्टिंग मोबाइल वैन को भी चालू कराने की मांग उठी, ताकि किसानों को मिट्टी की जांच के लिए परेशान न होना पड़े। इसके अलावा एक लाख रुपये तक की जमीन को बंधक नहीं किए जाने के प्रावधान पर भी चर्चा हुई।
बैंकिंग व्यवस्था को लेकर भी किसानों ने उठाई आवाज। किसानों ने एलडीएम से पांच किलोमीटर के दायरे में बैंक शाखा खोलने की मांग रखी, ताकि ग्रामीण क्षेत्र के किसानों को बैंकिंग सेवाओं के लिए दूर नहीं जाना पड़े। किसान दिवस में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने किसानों के हित में संचालित योजनाओं की जानकारी भी दी।
अंत में सिटी मजिस्ट्रेट दीपक कुमार पाल ने किसानों को आश्वासन दिया कि उनकी समस्याओं के निस्तारण पर व्यक्तिगत ध्यान दिया जाएगा। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण कराने के साथ निस्तारण आख्या की सॉफ्ट कॉपी जन शिकायत मोबाइल एप पर अपलोड करने और हार्ड कॉपी उप कृषि निदेशक कार्यालय में उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। आगामी किसान दिवस में संबंधित अधिकारियों को समय से उपस्थित रहने के लिए भी निर्देशित किया गया। किसानों, भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारियों और जिला स्तरीय अधिकारियों का आभार जताते हुए किसान दिवस का समापन किया गया।
