फतेहपुर से बड़ी खबर
उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के खागा तहसील क्षेत्र से राजस्व विभाग से जुड़ा एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में एक व्यक्ति को 500-500 रुपये के नोट लेते हुए देखा जा रहा है। सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा है कि वीडियो में दिखाई दे रहा व्यक्ति चकबंदी विभाग में तैनात एक लेखपाल है और विवादित भूमि पर निर्माण से जुड़े मामले में कथित रूप से रिश्वत ले रहा है।
हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र या आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है और न ही संबंधित अधिकारी की पहचान की आधिकारिक पुष्टि की गई है।
विवादित जमीन से जुड़ा बताया जा रहा है मामला
सोशल मीडिया पर प्रसारित दावों के अनुसार मामला खागा तहसील क्षेत्र के मोहम्मदपुर गौती गांव से जुड़ा बताया जा रहा है। आरोप है कि विवादित जमीन पर मकान निर्माण से संबंधित प्रक्रिया के दौरान कथित रूप से धनराशि की मांग की गई और बाद में नकद रुपये लिए गए।
इन आरोपों की सत्यता की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
वीडियो वायरल होने के बाद मचा हड़कंप
वीडियो सामने आने के बाद राजस्व विभाग में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। स्थानीय स्तर पर लोग मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि यदि वीडियो वास्तविक है तो संबंधित कर्मचारी के खिलाफ नियमानुसार सख्त विभागीय और कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।
राजस्व अभिलेखों को लेकर भी उठे सवाल
वायरल वीडियो के साथ सोशल मीडिया पर कुछ लोग राजस्व अभिलेखों में कथित हेरफेर और भूमि संबंधी मामलों में अनियमितताओं के आरोप भी लगा रहे हैं। हालांकि इन दावों की भी अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
यदि जांच में ऐसे आरोप सही पाए जाते हैं, तो मामला केवल कथित रिश्वत तक सीमित न रहकर राजस्व अभिलेखों और भूमि संबंधी प्रक्रियाओं की निष्पक्षता से भी जुड़ सकता है।
निष्पक्ष जांच की मांग
स्थानीय लोगों ने मांग की है कि वायरल वीडियो की तकनीकी जांच कराई जाए और वीडियो में दिखाई दे रहे व्यक्ति की पहचान की पुष्टि की जाए। साथ ही पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
लोगों का कहना है कि जांच के दौरान यह भी देखा जाना चाहिए कि संबंधित क्षेत्र में भूमि विवादों और राजस्व मामलों को किस प्रकार निस्तारित किया गया है।
प्रशासन की प्रतिक्रिया का इंतजार
फिलहाल इस मामले में संबंधित राजस्व विभाग या जिला प्रशासन की ओर से विस्तृत आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। ऐसे में पूरे मामले की सच्चाई जांच रिपोर्ट और प्रशासनिक कार्रवाई के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
निष्कर्ष
फतेहपुर के खागा तहसील क्षेत्र से सामने आए कथित रिश्वतखोरी के वायरल वीडियो ने राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल वीडियो और उसमें किए जा रहे दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि संबंधित अधिकारी मामले की जांच कर क्या कार्रवाई करते हैं। जांच पूरी होने के बाद ही आरोपों की सत्यता स्पष्ट हो सकेगी।
