रिपोर्टर: कबीर (मुजफ्फरनगर)
कांवड़ यात्रा को सुरक्षित बनाने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क
मुजफ्फरनगर। श्रावण मास में आयोजित कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और दुर्घटनामुक्त संपन्न कराने के उद्देश्य से कांवड़ सेल का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्थाओं की व्यापक समीक्षा की गई। इस दौरान कंट्रोल रूम संचालन, कांवड़ रूट प्लान, यातायात डायवर्जन, सीसीटीवी निगरानी, संचार व्यवस्था तथा आपातकालीन रिस्पॉन्स सिस्टम का विस्तार से जायजा लिया गया।
अधिकारियों ने संबंधित कर्मचारियों को निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुगम आवागमन को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए तथा किसी भी सूचना पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
सुरक्षा व्यवस्था के हर पहलू की हुई समीक्षा
निरीक्षण के दौरान कांवड़ मार्ग पर बनाए गए ड्यूटी प्वाइंट, सेक्टर एवं जोन व्यवस्था, संवेदनशील और अतिसंवेदनशील स्थलों पर तैनात पुलिस बल तथा सुरक्षा प्रबंधों की समीक्षा की गई। इसके साथ ही चिकित्सा विभाग सहित अन्य संबंधित विभागों के साथ समन्वय व्यवस्था का भी मूल्यांकन किया गया।
कांवड़ सेल में उपलब्ध अभिलेखों, रूट मैप, मानचित्रों और संचालन से जुड़े दस्तावेजों का भी अवलोकन किया गया तथा व्यवस्थाओं के प्रभावी संचालन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
सोशल मीडिया और यातायात पर विशेष निगरानी
अधिकारियों ने निर्देश दिए कि कांवड़ यात्रा के दौरान सोशल मीडिया गतिविधियों, कानून-व्यवस्था और यातायात प्रबंधन पर लगातार नजर रखी जाए। किसी भी सूचना या आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई करते हुए श्रद्धालुओं को सुरक्षित और निर्बाध यात्रा का वातावरण उपलब्ध कराया जाए।
इसके अलावा कंट्रोल रूम के माध्यम से सीसीटीवी कैमरों की सतत निगरानी और फील्ड में तैनात पुलिस बल के साथ बेहतर समन्वय बनाए रखने पर भी जोर दिया गया।
वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद
निरीक्षण के दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा, पुलिस अधीक्षक नगर अमृत जैन, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अक्षय संजय महाडीक तथा सहायक पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी नगर सिद्धार्थ मिश्रा सहित अन्य पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।
निष्कर्ष
कांवड़ यात्रा के दौरान लाखों श्रद्धालुओं के सुरक्षित आवागमन को ध्यान में रखते हुए मुजफ्फरनगर पुलिस ने सुरक्षा और यातायात प्रबंधन को लेकर व्यापक तैयारियां की हैं। कंट्रोल रूम से लेकर कांवड़ मार्ग तक की व्यवस्थाओं की नियमित समीक्षा और विभिन्न विभागों के बीच समन्वय यात्रा को सुरक्षित, शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
