रिपोर्ट: संदीप वर्मा
लोकेशन: बाराबंकी
बाराबंकी जनपद में नियमित टीकाकरण कार्यक्रमों की गुणवत्ता और प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के लिए जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह ने बुधवार को शहर के विभिन्न टीकाकरण केंद्रों का औचक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने टीकाकरण सत्रों की व्यवस्थाओं का जायजा लिया और स्वास्थ्य विभाग की टीमों से संवाद कर गर्भवती महिलाओं, नवजात शिशुओं और बच्चों को दी जा रही स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी प्राप्त की।
आशा और एएनएम से ली जानकारी
निरीक्षण के दौरान डीएम ने आशा बहुओं, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और एएनएम से उनके क्षेत्र में चिन्हित गर्भवती महिलाओं एवं नवजात बच्चों की जानकारी ली।
उन्होंने निर्देश दिए कि प्रत्येक आशा कार्यकर्ता के पास एक व्यवस्थित रजिस्टर होना चाहिए, जिसमें गर्भधारण से लेकर प्रसव और उसके बाद शिशु के टीकाकरण तक का पूरा रिकॉर्ड दर्ज रहे।
जिलाधिकारी ने कहा कि सभी स्वास्थ्य कर्मियों के पास अपने क्षेत्र के प्रत्येक बच्चे और गर्भवती महिला की अद्यतन जानकारी होनी चाहिए, ताकि कोई भी लाभार्थी स्वास्थ्य जांच और टीकाकरण से वंचित न रह जाए।
कुपोषित बच्चों की निगरानी के निर्देश
डीएम ईशान प्रताप सिंह ने सैम और मैम श्रेणी के बच्चों की नियमित स्वास्थ्य जांच और सतत निगरानी के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि बच्चों के पोषण स्तर की लगातार समीक्षा की जाए ताकि कुपोषण की स्थिति को समय रहते चिन्हित कर आवश्यक उपचार और पोषण सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
ड्यू लिस्ट के अनुसार लाभार्थियों को बुलाने पर जोर
जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया कि शहरी क्षेत्रों में ड्यू लिस्ट के अनुसार लाभार्थियों को समय से सूचना देकर टीकाकरण केंद्रों तक लाने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने कहा कि वार्ड स्तर पर पार्षदों, जनप्रतिनिधियों और स्थानीय समुदाय के सहयोग से जागरूकता अभियान चलाया जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग टीकाकरण और स्वास्थ्य जांच के लिए आगे आएं।
स्वास्थ्य कर्मियों की सराहना
निरीक्षण के दौरान डीएम ने आशा बहुओं, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, एएनएम और स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना की।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य कर्मियों की सक्रियता और प्रतिबद्धता के कारण ही सरकार की स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंच पा रहा है।
कई अधिकारी रहे मौजूद
इस दौरान अन्ना सुदन, गुंजिता अग्रवाल, डॉ. राजीव सिंह, डीपीओ सहित स्वास्थ्य विभाग के कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
प्रशासन का कहना है कि जनपद में टीकाकरण और मातृ-शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को और मजबूत बनाने के लिए नियमित निरीक्षण और मॉनिटरिंग जारी रहेगी।
