Homeराष्ट्रीयपोषण पुनर्वास केंद्र में भर्ती बच्चों के अभिभावकों को बढ़ी क्षतिपूर्ति राशि

पोषण पुनर्वास केंद्र में भर्ती बच्चों के अभिभावकों को बढ़ी क्षतिपूर्ति राशि

निरीक्षण व पोषण वितरण में लापरवाही पर सख्ती के निर्देश

रिपोर्ट – अनिल कुमार

फतेहपुर। कलेक्ट्रेट स्थित महात्मा गांधी सभागार में जिला पोषण समिति की मासिक समीक्षा बैठक जिलाधिकारी रविन्द्र सिंह की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। बैठक में पोषण एवं महिला एवं बाल विकास विभाग से संचालित योजनाओं एवं गतिविधियों की गहन समीक्षा कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने बताया कि पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) में भर्ती बच्चों के माता/देखभालकर्ता को क्षतिपूर्ति एवं निःशुल्क भोजन हेतु दी जाने वाली धनराशि को ₹50 से बढ़ाकर ₹100 प्रति दिन कर दिया गया है। उन्होंने निर्देश दिए कि गर्भवती महिलाओं, धात्री माताओं एवं बच्चों को पोषणाहार का वितरण समय से एफआरएस (फूड रिसोर्स सिस्टम) के माध्यम से सुनिश्चित कराया जाए। जिलाधिकारी ने आंगनबाड़ी केंद्रों को ऑपरेशन कायाकल्प के अंतर्गत सभी संकेतकों से संतृप्त करने के निर्देश दिए। ऑपरेशन कायाकल्प के संतृप्त इंडिकेटरों की प्रगति की समीक्षा में हथगाम एवं विजयीपुर विकास खंड की प्रगति कम पाए जाने पर संबंधित बीडीओ से स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए गए। साथ ही अगली बैठक में सभी खंड विकास अधिकारियों को अपने-अपने विकास खंड की ग्राम पंचायतवार आंगनबाड़ी केंद्रों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। ब्लॉक हथगाम के चिन्हित आंगनबाड़ी केंद्र में रेन वाटर हार्वेस्टिंग एवं बाला पेंटिंग का कार्य पूर्ण न होने पर खंड विकास अधिकारी हथगाम का वेतन रोकने के निर्देश वरिष्ठ कोषाधिकारी को दिए गए, जब तक कार्य पूर्ण नहीं हो जाता। एनआरसी में माह अप्रैल से दिसंबर तक संदर्भित एवं भर्ती बच्चों की विकास खंडवार सूची उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। हॉट कुक्ड मील योजना के अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्रों में समय से धनराशि का स्थानांतरण न करने पर सीडीपीओ विजयीपुर एवं बहुआ का वेतन आहरित न करने के निर्देश भी दिए गए। विकास खंड धाता, देवमई, हथगाम एवं विजयीपुर में सैम बच्चों की रिपोर्ट शून्य पाए जाने तथा ब्लॉक हथगाम में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की प्रोत्साहन राशि एवं प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना के लंबित प्रकरणों की प्रगति धीमी होने पर संबंधित सीडीपीओ से स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने सभी सीडीपीओ को निर्देशित किया कि वे प्रतिदिन कम से कम दो आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण कर कमियों एवं सुधार की रिपोर्ट नियमित रूप से प्रस्तुत करें।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी पवन कुमार मीना, जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला पूर्ति अधिकारी, डीसी मनरेगा, बेसिक शिक्षा अधिकारी, समस्त खंड विकास अधिकारी, सीडीपीओ सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments