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गोबर से ऊर्जा और ऊर्जा से आत्मनिर्भरता: रामपुर की ग्राम पंचायत किरा बनी ग्रामीण विकास की मिसाल

रिपोर्टर: शारिक खान (रामपुर)

रामपुर। जनपद के विकास खंड शाहबाद स्थित ग्राम पंचायत किरा ने स्वच्छ ऊर्जा, पर्यावरण संरक्षण और ग्रामीण आत्मनिर्भरता की दिशा में एक उल्लेखनीय पहल की है। पंचायत द्वारा स्थापित बायोगैस प्लांट के माध्यम से गोबर को उपयोगी संसाधन में बदलकर ऊर्जा उत्पादन, जैविक खाद और अतिरिक्त आय का मॉडल विकसित किया गया है। पंचायत का दावा है कि इस पहल से गांव में स्वच्छता, ऊर्जा बचत और स्थानीय रोजगार को बढ़ावा मिला है।

गौशाला के गोबर से तैयार हो रही स्वच्छ ऊर्जा

ग्राम पंचायत के अनुसार, पंचायत की गौशाला में संरक्षित 769 गौवंशों से प्रतिदिन निकलने वाले गोबर का उपयोग करते हुए 85 घन मीटर क्षमता का बायोगैस प्लांट स्थापित किया गया है। यह परियोजना स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) फेज-2 के तहत प्राप्त लगभग 40 लाख रुपये की धनराशि से विकसित की गई।

बताया गया कि प्लांट के संचालन के लिए प्रतिदिन लगभग 2,125 किलोग्राम गोबर का उपयोग किया जाता है, जिससे बायोगैस तैयार होती है।

बिजली उत्पादन का दावा

पंचायत के अनुसार, बायोगैस प्लांट से प्रतिदिन लगभग 51 किलोग्राम बायोगैस का उत्पादन हो रहा है। इस गैस से संचालित 15 केवीए जनरेटर के माध्यम से अब तक 25,200 यूनिट बिजली तैयार की जा चुकी है।

इस ऊर्जा का उपयोग गौशाला में चारा मशीन, सबमर्सिबल पंप, सार्वजनिक प्रकाश व्यवस्था तथा गौशाला कर्मचारियों के लिए रसोई गैस उपलब्ध कराने में किया जा रहा है।

स्लरी से बढ़ी पंचायत की आय

बायोगैस प्लांट से निकलने वाली स्लरी का उपयोग जैविक खाद के रूप में किया जा रहा है। पंचायत के मुताबिक, किसानों को जैविक खाद उपलब्ध कराकर अब तक 53,800 रुपये की आय अर्जित की गई है। यह राशि पंचायत के वन सोर्स रेवेन्यू (ओएसआर) खाते में जमा की गई है, जिसका उपयोग विकास कार्यों में किया जा रहा है।

सरसों तेल उत्पादन की भी शुरुआत

ग्राम पंचायत ने आय के नए स्रोत विकसित करने के उद्देश्य से कोल्ड प्रेस ऑयल एक्सपेलर मशीन भी स्थापित की है। पंचायत का कहना है कि इसके माध्यम से स्थानीय स्तर पर उत्पादित सरसों से शुद्ध तेल तैयार किया जाएगा, जिससे ग्रामीणों को लाभ मिलने के साथ पंचायत की आय भी बढ़ेगी।

पर्यावरण संरक्षण पर विशेष जोर

पंचायत का दावा है कि इस परियोजना से खुले में गोबर फैलने की समस्या में कमी आई है, जैविक खेती को बढ़ावा मिला है और पारंपरिक ईंधन पर निर्भरता कम हुई है। इसके साथ ही स्वच्छ ऊर्जा के उपयोग से पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी सकारात्मक परिणाम मिलने की बात कही गई है।

अन्य पंचायतों के लिए मॉडल बनने का दावा

ग्राम पंचायत किरा का कहना है कि यह परियोजना ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ ऊर्जा, स्थानीय संसाधनों के बेहतर उपयोग और आर्थिक आत्मनिर्भरता का एक सफल मॉडल बनकर उभरी है। पंचायत का उद्देश्य है कि इस प्रकार की पहल से अन्य ग्राम पंचायतें भी प्रेरणा लेकर अपने क्षेत्र में नवाचार आधारित विकास कार्यों को बढ़ावा दें।

हर घर तिरंगा अभियान को लेकर भाजपा की जिला कार्यशाला आयोजित, 10 से 15 अगस्त तक विभिन्न कार्यक्रम होंगे आयोजित

रिपोर्टर: शारिक खान (रामपुर)

रामपुर। भारतीय जनता पार्टी के जिला कार्यालय में ‘हर घर तिरंगा अभियान’ के तहत जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन जिला अध्यक्ष हरीश गंगवार के नेतृत्व में किया गया। कार्यशाला में अभियान की रूपरेखा, आगामी कार्यक्रमों और संगठन की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा की गई।

भारत माता के चित्र पर पुष्प अर्पित कर हुआ शुभारंभ

कार्यक्रम का शुभारंभ भारत माता के चित्र पर पुष्प अर्पित, दीप प्रज्ज्वलन और वंदे मातरम् के सामूहिक गायन के साथ हुआ। इस अवसर पर जिला प्रभारी राजा वर्मा तथा पिछड़ा आयोग के उपाध्यक्ष सूर्य प्रकाश पाल विशेष रूप से मौजूद रहे।

कार्यशाला में जिला पदाधिकारियों, मंडल अध्यक्षों, विभिन्न मोर्चों के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को अभियान के तहत आयोजित होने वाले कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी दी गई।

10 से 15 अगस्त तक होंगे विभिन्न कार्यक्रम

कार्यशाला में दी गई जानकारी के अनुसार—

10 से 12 अगस्त तक प्रत्येक मंडल में तिरंगा यात्राएं आयोजित की जाएंगी।

12 से 14 अगस्त तक स्वतंत्रता संग्राम से जुड़े स्मारकों और महत्वपूर्ण स्थलों पर स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा।

13 अगस्त को जिला मुख्यालय पर भव्य तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी।

13 से 15 अगस्त तक प्रत्येक घर और प्रतिष्ठान पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने का अभियान चलाया जाएगा।

शहीदों, पूर्व सैनिकों और देश सेवा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले पुलिसकर्मियों के परिजनों का सम्मान भी किया जाएगा।

14 अगस्त को विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर मौन जुलूस और संगोष्ठियों का आयोजन प्रस्तावित है।

हरीश गंगवार ने अभियान का महत्व बताया

जिला अध्यक्ष हरीश गंगवार ने कहा कि भारत की स्वतंत्रता लाखों स्वतंत्रता सेनानियों और क्रांतिकारियों के त्याग एवं बलिदान का परिणाम है। उन्होंने कहा कि हर घर तिरंगा अभियान केवल ध्वज फहराने का कार्यक्रम नहीं, बल्कि उन वीरों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अभियान में अधिक से अधिक जनभागीदारी सुनिश्चित करने का आह्वान किया।

जिला प्रभारी ने कार्यकर्ताओं से की अपील

जिला प्रभारी राजा वर्मा ने कहा कि यह अभियान राष्ट्रीय एकता, गौरव और देशभक्ति की भावना को मजबूत करने का माध्यम है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अभियान के सभी कार्यक्रमों को मंडल और बूथ स्तर तक सफल बनाने तथा अधिक से अधिक लोगों को इससे जोड़ने का आह्वान किया।

कार्यशाला का हुआ समापन

कार्यशाला का समापन पिछड़ा आयोग के उपाध्यक्ष सूर्य प्रकाश पाल ने किया। उन्होंने कार्यकर्ताओं से राष्ट्रध्वज के सम्मान और स्वतंत्रता सेनानियों के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लेने की अपील की।

इस अवसर पर अभय गुप्ता, सुनीता सिंह सैनी, मोहन कुमार लोधी, जगपाल यादव, रविंद्र सिंह, भारत भूषण गुप्ता, आकाश सक्सेना, कुंवर पाल लोधी सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

श्रावस्ती में डीएम अन्नपूर्णा गर्ग का औचक निरीक्षण, स्वास्थ्य सेवाओं और पोषण व्यवस्था की परखी हकीकत

श्रावस्ती। जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और पोषण योजनाओं की समीक्षा के लिए जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग ने प्राथमिक स्वास्थ्य उपकेंद्र चैलाही तथा जन आरोग्य केंद्र चिल्हरिया का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्वास्थ्य सेवाओं, साफ-सफाई, पोषण व्यवस्था और चिकित्सा सुविधाओं का जायजा लिया तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

गर्भवती महिलाओं से की बातचीत

प्राथमिक स्वास्थ्य उपकेंद्र चैलाही में डीएम ने गर्भवती महिलाओं से सीधे संवाद कर उन्हें मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाओं, दवाओं की उपलब्धता और नियमित जांच की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी लाभार्थियों को समय पर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं।

रजिस्टरों का किया निरीक्षण

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने एएनसी (गर्भवती महिलाओं की जांच), ड्यू लिस्ट तथा सैम-मैम रजिस्टर का अवलोकन किया। जांच के दौरान उपकेंद्र में 196 सैम और मैम श्रेणी के बच्चे पंजीकृत पाए गए। उन्होंने इन बच्चों को दिए जा रहे पोषाहार और उपचार संबंधी व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की।

समय पर उपस्थित रहने के निर्देश

डीएम ने डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों को समय पर ड्यूटी पर उपस्थित रहने और मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर आने वाले प्रत्येक मरीज को गुणवत्तापूर्ण उपचार मिलना चाहिए।

साफ-सफाई और पेयजल व्यवस्था पर जोर

निरीक्षण के दौरान केंद्र परिसर, शौचालयों और पेयजल व्यवस्था का भी जायजा लिया गया। जिलाधिकारी ने परिसर की नियमित सफाई सुनिश्चित करने तथा स्वच्छ पेयजल की समुचित व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए।

जन आरोग्य केंद्र चिल्हरिया का भी किया निरीक्षण

इसके बाद डीएम ने जन आरोग्य केंद्र चिल्हरिया का निरीक्षण किया। यहां उन्होंने एक बच्चे का वजन कराकर उसकी सैम-मैम स्थिति की जानकारी ली और पोषण संबंधी व्यवस्थाओं की समीक्षा की।

रेडियंट वार्मर मशीन की कमी मिली

निरीक्षण के दौरान केंद्र में रेडियंट वार्मर मशीन उपलब्ध न होने की जानकारी मिली। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक मशीन जल्द उपलब्ध कराने के निर्देश दिए, ताकि नवजात शिशुओं को बेहतर चिकित्सा सुविधा मिल सके।

स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही नहीं होगी बर्दाश्त

जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग ने स्पष्ट निर्देश दिए कि स्वास्थ्य केंद्रों पर किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता, पोषण कार्यक्रमों के प्रभावी संचालन और स्वच्छता व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जाए, ताकि आमजन को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।

बुलंदशहर में अधूरी सड़क और जलभराव से नाराज लोगों का प्रदर्शन, नगर पालिका पर लगाए उपेक्षा के आरोप

बुलंदशहर। जिले के खुर्जा स्थित न्यू शिवपुरी, गली नंबर-13 में अधूरी सड़क और जलभराव की समस्या को लेकर स्थानीय लोगों ने नाराजगी जताई है। मोहल्ले के निवासियों ने सड़क निर्माण कार्य पूरा कराने और जलनिकासी व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग उठाई।

अधूरी सड़क से बढ़ी परेशानी

स्थानीय लोगों का कहना है कि गली में सड़क निर्माण कार्य शुरू तो किया गया, लेकिन उसे पूरा नहीं किया गया। उनका आरोप है कि आधी गली पक्की है, जबकि शेष हिस्सा अब भी कच्चा पड़ा है, जिससे बारिश के दौरान जलभराव और कीचड़ की समस्या उत्पन्न हो जाती है।

पिछले वर्ष भी दिया था प्रार्थना पत्र

स्थानीय निवासी अजीत कुमार आर्य ने बताया कि उन्होंने पिछले वर्ष भी प्रशासन और स्थानीय जनप्रतिनिधियों को इस संबंध में प्रार्थना पत्र दिया था। इसके बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका।

नगर पालिका पर लगाए आरोप

स्थानीय लोगों का आरोप है कि नगर पालिका के अधिकारियों द्वारा हर बार बजट की कमी का हवाला देकर निर्माण कार्य टाल दिया जाता है। उनका कहना है कि इससे क्षेत्रवासियों को रोजाना आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

समय रहते कार्रवाई की मांग

मोहल्लेवासियों ने प्रशासन से अधूरी सड़क का निर्माण जल्द पूरा कराने और जलनिकासी की उचित व्यवस्था करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं हुआ और किसी प्रकार की दुर्घटना या अनहोनी होती है, तो इसकी जिम्मेदारी संबंधित प्रशासन की होगी।

हरदोई में बुजुर्ग से मारपीट का कथित वीडियो वायरल, पत्नी ने पुलिस से की कार्रवाई की मांग

रिपोर्टर: रजनीश शर्मा

हरदोई। जिले के बिलग्राम थाना क्षेत्र के बेहटी खुर्द गांव में एक बुजुर्ग के साथ कथित मारपीट का मामला सामने आया है। घटना का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।

आपसी विवाद में मारपीट का आरोप

प्राप्त जानकारी के अनुसार, गांव निवासी जय नारायण के साथ आपसी विवाद के दौरान कुछ लोगों ने कथित रूप से मारपीट की। आरोप है कि उनके साथ लात-घूंसों से हमला किया गया।

बचाव करने पहुंचीं पत्नी और बेटी से भी मारपीट का आरोप

परिजनों का आरोप है कि जब जय नारायण की पत्नी नीलम देवी और उनकी बेटी बीच-बचाव के लिए पहुंचीं, तो उनके साथ भी कथित रूप से मारपीट की गई।

पुलिस को दी गई शिकायत

मामले को लेकर नीलम देवी ने बिलग्राम थाने में शिकायती प्रार्थना पत्र देकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। पुलिस शिकायत के आधार पर मामले की जांच कर रही है।

जांच के बाद होगी आगे की कार्रवाई

पुलिस का कहना है कि शिकायत और उपलब्ध साक्ष्यों, जिनमें वायरल वीडियो भी शामिल है, की जांच की जा रही है। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

हरदोई में प्रॉपर्टी विवाद को लेकर मेडिकल स्टोर में मारपीट का आरोप, वीडियो वायरल

रिपोर्टर: रजनीश शर्मा

हरदोई। जिले के पिहानी कोतवाली क्षेत्र में प्रॉपर्टी विवाद को लेकर मेडिकल स्टोर में मारपीट का मामला सामने आया है। घटना का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।

मेडिकल स्टोर में घुसकर मारपीट का आरोप

प्राप्त जानकारी के अनुसार, पिहानी कोतवाली गेट के सामने स्थित एक मेडिकल स्टोर पर कुछ लोगों के पहुंचने के बाद विवाद हो गया। दुकानदार का आरोप है कि आरोपित दुकान में घुस आए, उसके साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी दी।

सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो

घटना से जुड़ा एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में दिखाई दे रहे दृश्य और उससे जुड़े दावों की आधिकारिक पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है।

प्रॉपर्टी विवाद बताया जा रहा कारण

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, घटना के पीछे प्रॉपर्टी विवाद को कारण बताया जा रहा है। हालांकि, विवाद की वास्तविक वजह और घटनाक्रम की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।

पुलिस जांच में जुटी

मामले की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है। वायरल वीडियो की भी जांच की जा रही है। शिकायत और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

मिर्जापुर में पानी से भरे गड्ढे में डूबने से दो मासूम चचेरे भाइयों की मौत

मिर्जापुर। जिले के चील्ह थाना क्षेत्र के हरसिंहपुर गांव में मंगलवार देर शाम एक दर्दनाक हादसे में दो मासूम बच्चों की पानी से भरे गड्ढे में डूबने से मौत हो गई। घटना के बाद गांव में शोक की लहर दौड़ गई और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

निर्माणाधीन हाईवे के लिए खोदा गया था गड्ढा

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, हरसिंहपुर गांव के पास निर्माणाधीन हाईवे पर पुलिया के पिलर निर्माण के लिए गड्ढा खोदा गया था। हाल की बारिश के कारण उस गड्ढे में पानी भर गया था।

दोनों बच्चे डूबे

बताया जा रहा है कि 7 वर्षीय किशन और 6 वर्षीय सत्यम, जो आपस में चचेरे भाई थे, किसी तरह पानी से भरे उसी गड्ढे में चले गए और डूब गए। घटना मंगलवार देर शाम की बताई जा रही है।

गांव में पसरा मातम

हादसे की सूचना मिलते ही परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे। दोनों बच्चों की मौत की खबर से पूरे गांव में शोक का माहौल है। परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।

पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे

सूचना मिलने पर चील्ह थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने परिजनों और ग्रामीणों को समझाकर दोनों बच्चों के शवों को कब्जे में लिया और पंचनामा भरने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मामले में आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।

सुरक्षा को लेकर उठे सवाल

घटना के बाद स्थानीय लोगों ने निर्माण कार्य के दौरान खोदे गए गड्ढों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता जताई है। उनका कहना है कि ऐसे स्थानों पर पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम और चेतावनी संकेत होने चाहिए, ताकि भविष्य में इस तरह की दुखद घटनाओं को रोका जा सके।

कांवड़ यात्रा से पहले बरनावा-दाहा मार्ग पर नालों की सफाई को लेकर उठे सवाल, स्थानीय लोगों ने जताई चिंता

रिपोर्टर: सुदेश वर्मा

बागपत। श्रावण मास की कांवड़ यात्रा के बीच बागपत के बिनौली थाना क्षेत्र के बरनावा-दाहा कांवड़ मार्ग पर साफ-सफाई और जलनिकासी व्यवस्था को लेकर स्थानीय लोगों ने चिंता जताई है। उनका कहना है कि मार्ग के दोनों ओर बने नालों की पर्याप्त सफाई नहीं होने से बारिश के दौरान कांवड़ यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।

नालों की सफाई नहीं होने का दावा

स्थानीय लोगों का आरोप है कि कांवड़ मार्ग के किनारे बने कई नालों की समय पर सफाई नहीं की गई है। उनका कहना है कि यदि लगातार बारिश होती है तो नालों का गंदा पानी सड़क पर आ सकता है, जिससे आवागमन प्रभावित होने की आशंका है।

डिवाइडर की स्थिति पर भी सवाल

लोगों ने यह भी दावा किया कि मार्ग पर कई स्थानों पर डिवाइडर टूटे हुए हैं या उनकी ऊंचाई काफी कम हो गई है। उनके अनुसार, श्रद्धालुओं की भारी आवाजाही के दौरान यह स्थिति सुरक्षा की दृष्टि से चुनौती बन सकती है।

प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग

स्थानीय नागरिकों ने संबंधित विभागों से कांवड़ यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की असुविधा से बचने के लिए नालों की सफाई, जलनिकासी व्यवस्था दुरुस्त करने और क्षतिग्रस्त डिवाइडरों की मरम्मत कराने की मांग की है।

प्रशासन की प्रतिक्रिया का इंतजार

समाचार लिखे जाने तक इस संबंध में संबंधित विभाग या जिला प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी।

बागपत में कांवड़ यात्रा शुरू, पुलिस ने सेवा और सुरक्षा का संभाला जिम्मा

रिपोर्टर: सुदेश वर्मा

बागपत। श्रावण मास की कांवड़ यात्रा के साथ ही बागपत जिले के बिनौली थाना क्षेत्र के बरनावा-दाहा मार्ग पर शिवभक्त कांवड़ियों का आगमन शुरू हो गया है। कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, व्यवस्थित और सुचारु बनाने के लिए पुलिस और प्रशासन पूरी सक्रियता के साथ सेवा कार्यों में जुटा हुआ है।

बरनावा पहुंचने लगे कांवड़िए

बरनावा क्षेत्र में बड़ी संख्या में कांवड़ यात्रियों का आगमन शुरू हो गया है। श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए पुलिस और ट्रैफिक विभाग ने सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था को मजबूत किया है, ताकि यात्रा बिना किसी बाधा के जारी रह सके।

पुलिस ने दिखाई सेवा भावना

थाना बिनौली पुलिस और ट्रैफिक पुलिस केवल सुरक्षा व्यवस्था ही नहीं, बल्कि सेवा कार्यों में भी सक्रिय भूमिका निभा रही है। यात्रा के दौरान अस्वस्थ होने वाले कांवड़ियों को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है। साथ ही उन्हें पेयजल और जलपान की व्यवस्था भी कराई जा रही है।

सुरक्षा और यातायात पर विशेष नजर

कांवड़ यात्रा मार्ग पर पुलिसकर्मी लगातार निगरानी बनाए हुए हैं। प्रमुख स्थानों पर पुलिस बल तैनात किया गया है और यातायात को सुचारु बनाए रखने के लिए आवश्यक इंतजाम किए गए हैं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

सेवा और सुरक्षा दोनों पर जोर

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके साथ ही सेवा-भाव के साथ कांवड़ियों की हरसंभव सहायता की जा रही है, ताकि वे सुरक्षित और सुविधाजनक वातावरण में अपनी यात्रा पूरी कर सकें।

बागपत में कांवड़ यात्रा के बीच प्रतिबंधित मार्ग पर पहुंचे भूसे से लदे वाहन, पुलिस ने बॉर्डर से लौटाया

रिपोर्टर: सुदेश वर्मा

बागपत। श्रावण मास की कांवड़ यात्रा के दौरान भारी वाहनों पर लागू प्रतिबंध के बीच बागपत के बिनौली थाना क्षेत्र में दूसरे जनपद से भूसे (पूराल) से लदे ट्रैक्टर-ट्रॉली और अन्य वाहन पहुंचने का मामला सामने आया। पुलिस ने समय रहते कार्रवाई करते हुए ऐसे वाहनों को बॉर्डर से वापस लौटा दिया।

प्रतिबंध के बावजूद पहुंचे भारी वाहन

स्थानीय जानकारी के अनुसार, दूसरे जनपद से भूसे से लदे वाहन बिनौली थाना क्षेत्र की सीमा तक पहुंच गए थे। कांवड़ यात्रा को देखते हुए इस मार्ग पर भारी वाहनों के आवागमन पर प्रतिबंध लागू है। इसके बावजूद वाहनों के पहुंचने से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठे।

पुलिस ने वाहनों को लौटाया

बिनौली थाना पुलिस और ट्रैफिक पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए भूसे से लदे वाहनों को आगे बढ़ने से रोक दिया और उन्हें वापस लौटा दिया। पुलिस का उद्देश्य कांवड़ यात्रा मार्ग पर यातायात को सुरक्षित और सुचारु बनाए रखना बताया गया।

कांवड़ यात्रा मार्ग पर लाखों श्रद्धालुओं की आवाजाही

बरनावा-दाहा मार्ग से बड़ी संख्या में कांवड़िए गुजरते हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि ऐसे में भारी वाहनों की आवाजाही से दुर्घटना का खतरा बढ़ सकता है। लोगों ने मांग की कि प्रतिबंधित मार्गों पर निगरानी और सख्त की जाए ताकि किसी प्रकार की अप्रिय घटना न हो।

सुरक्षा व्यवस्था पर प्रशासन का फोकस

कांवड़ यात्रा को लेकर पुलिस और प्रशासन लगातार सुरक्षा व्यवस्था पर नजर बनाए हुए हैं। संवेदनशील मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल और ट्रैफिक कर्मियों की तैनाती की गई है, ताकि श्रद्धालुओं की यात्रा सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके।