गार्डों पर कंपनी में चोरी कराने का आरोप
ब्यूरो रिपोर्ट

हमीरपुर। रिमझिम इस्पात लिमिटेड ने 45 सुरक्षा गार्डों पर चोरी का आरोप लगाकर नौकरी से बर्खास्त कर दिया और दो माह का वेतन भी नहीं दिया। इससे नाराज गार्डों ने फैक्टरी गेट पर जमकर हंगामा काटा। हंगामे की सूचना पाकर 112 की टीम मौके पर पहुंची और हंगामा कर रहे गार्डों को समझा बुझाकर शांत कराया।
विगत दिनों कंपनी में कई क्विंटल वेशकीमती माल चोरी हो गया था। जिसकी शिकायत कंपनी ने सिक्योरिटी मुहैया कराने वाली कंपनी से की थी। कंपनी ने ड्यूटी में तैनात रहे 45 गार्डों को चिन्हित करके नौकरी से निकाल दिया। इसकी जानकारी गार्डों को शनिवार को दी गई। रविवार को नौकरी से निकाले गए गार्ड विंदेश्वर प्रसाद, संजय कुमार, राम बहादुर, वीरबहादुर, प्रदीप तिवारी, जयप्रकाश, अवधेश पांडे, वीरेंद्र सिंह हाड़वा, गणेश कुमार, सुनील कुमार, कुलदीप, केशव प्रसाद, सुखदेव, दिलीप कुमार, बबलू, जयप्रकाश द्विवेदी, शिवनारायण पांडे, सुंदरलाल आदि गेट पर आ धमके। उन्होंने नौकरी से निकाले जाने पर जमकर हंगामा काटा। गार्डों का कहना है कि चोरी का आरोप निराधार है। उन्होंने कोई चोरी नहीं की है। चोरी करने वाले सिक्योरिटी अफसर ड्यूटी कर रहे हैं। उनके खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं की गई। गार्डों का आरोप है कि उनका दो माह का वेतन भी नहीं दिया गया और उन्हें नौकरी से बर्खास्त कर दिया गया है। जबकि वह दशकों से ड्यूटी कर रहे थे। रिमझिम इस्पात लिमिटेड के मैनेजर मनोज कुमार गुप्ता ने बताया कि कंपनी से माल चोरी होने की शिकायत सुरक्षा एजेंसी कृष्णा सिक्योरिटी सर्विस से की गई थी। सिक्योरिटी सर्विस ने ही अपने गार्डों पर कार्यवाही की है। इसमें कंपनी का कोई लेना देना नहीं है। रही बात वेतन की तो उन्हें शेष वेतन शीघ्र दिया जाएगा।
