-25 विद्यालयों के 1000 विद्यार्थियों ने लिया भाग, मेधावी छात्रों व प्रधानाचार्यों का हुआ सम्मान


रिपोर्ट विरेंद्र तोमर
बागपत/
बागपत में जनपद में विद्यार्थियों को भविष्य की चुनौतियों, नवाचार और स्व-रोजगार के अवसरों से जोड़ने के उद्देश्य से आयोजित “भविष्य पर चर्चा” छात्र संवाद कार्यक्रम युवाओं के लिए प्रेरणा का प्रभावी मंच साबित हुआ। कार्यक्रम में जनपद के 25 विद्यालयों से आए लगभग 1000 विद्यार्थियों और 25 प्रधानाचार्यों ने सहभागिता की। प्रत्येक विद्यालय से एक मेधावी छात्र को सम्मानित किया गया, वहीं सभी प्रधानाचार्यों एवं मंचासीन अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।कार्यक्रम में प्रमुख वक्ताओं के रूप में डॉ. ज्ञानेंद्र अत्री (संस्थापक, सस्टेनेबल सॉल्यूशन्स), एच.के. कंसल (मुख्य कार्यकारी अधिकारी, ईएमएस लिमिटेड एवं सेवानिवृत्त मुख्य अभियंता, उत्तर प्रदेश जल निगम), बिक्रम सिंह बलियान (सेवानिवृत्त परियोजना प्रबंधक, उत्तर प्रदेश जल निगम) तथा डॉ. राज लक्ष्मी (प्राचार्या, सम्राट पृथ्वीराज चौहान महाविद्यालय) उपस्थित रहीं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी गीता चौधरी का भी स्वागत एवं सम्मान किया गया।कार्यक्रम की उद्देश्यात्मक रूपरेखा विकास चौधरी द्वारा प्रस्तुत की गई। उन्होंने बताया कि यह मंच युवाओं को उभरते करियर विकल्पों, उद्यमिता और नवाचार से परिचित कराने के साथ प्रेरणादायी व्यक्तित्वों से संवाद स्थापित करने का सशक्त माध्यम है।अपने संबोधन में डॉ. ज्ञानेंद्र अत्री ने भारत की नव उद्यम व्यवस्था, स्व-रोजगार के लिए आवश्यक गुणों तथा अपने संघर्षपूर्ण जीवन अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा कि अनुशासन, धैर्य और समस्या-समाधान क्षमता के बिना सफलता संभव नहीं है।
एच.के. कंसल ने युवाओं को समाज की वास्तविक समस्याओं की पहचान कर उनके समाधान खोजने का आह्वान किया और नौकरी पर निर्भरता के बजाय स्व-निर्माण की सोच विकसित करने पर बल दिया।कार्यक्रम में रामवीर सिंह ने अपने जीवन संघर्ष का उल्लेख करते हुए बताया कि साधारण पृष्ठभूमि से शुरू हुई उनकी यात्रा अनुबंध आधारित कार्य से होते हुए उद्योग स्थापना तक पहुंची। उन्होंने विद्यार्थियों को असफलताओं से न डरने और बड़े लक्ष्य तय करने की प्रेरणा दी।कार्यक्रम के अंतर्गत 30 मिनट की प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता भी आयोजित की गई, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। “दिवस का विद्यालय” सम्मान Syadvad Institute of Nursing को तथा “दिवस का विद्यार्थी” सम्मान सम्राट पृथ्वीराज चौहान महाविद्यालय के छात्र मुकुल को प्रदान किया गया।समापन अवसर पर बिक्रम सिंह बलियान ने काव्यात्मक शैली में विद्यार्थियों को लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने और निरंतर प्रयास करने का संदेश दिया। कुल मिलाकर, “भविष्य पर चर्चा” कार्यक्रम युवाओं के लिए मार्गदर्शन, प्रेरणा और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक सार्थक पहल साबित हुआ।
