रिपोर्ट: कबीर, मुजफ्फरनगर
नशे के कारोबार पर पुलिस का शिकंजा, तस्कर गिरफ्तार
मुजफ्फरनगर जिले में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत जानसठ पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने मुखबिर की सटीक सूचना पर कार्रवाई करते हुए एक कथित गांजा तस्कर को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से 5.320 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद किया गया है। पुलिस के अनुसार बरामद मादक पदार्थ की अनुमानित बाजार कीमत करीब 4.5 लाख रुपये आंकी गई है।
इस कार्रवाई को जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ चल रहे अभियान की महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि युवाओं को नशे की लत से बचाने और मादक पदार्थों की तस्करी पर रोक लगाने के लिए लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है।
मुखबिर की सूचना पर बिछाया गया जाल
पुलिस के अनुसार सहारनपुर परिक्षेत्र में चल रहे विशेष अभियान के अंतर्गत थाना जानसठ पुलिस लगातार संदिग्ध गतिविधियों पर नजर बनाए हुए थी। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि एक व्यक्ति बड़ी मात्रा में अवैध गांजा लेकर क्षेत्र में सप्लाई करने की तैयारी कर रहा है।
सूचना मिलते ही थाना प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम सक्रिय हो गई। पुलिस ने संभावित स्थानों पर निगरानी बढ़ाई और रणनीतिक तरीके से घेराबंदी की। कुछ ही देर बाद संदिग्ध व्यक्ति को रोककर उसकी तलाशी ली गई, जिसमें उसके पास से भारी मात्रा में गांजा बरामद हुआ।
5.320 किलो अवैध गांजा बरामद
तलाशी अभियान के दौरान पुलिस ने आरोपी के कब्जे से कुल 5.320 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद किया। बरामदगी के बाद आरोपी को मौके पर ही हिरासत में लेकर थाने लाया गया, जहां उससे विस्तृत पूछताछ की गई।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इतनी मात्रा में बरामद गांजा इस बात की ओर संकेत करता है कि आरोपी केवल व्यक्तिगत उपयोग के लिए नहीं बल्कि बड़े स्तर पर आपूर्ति नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है। इसी कारण पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है।
आरोपी की पहचान और पूछताछ
गिरफ्तार आरोपी ने पूछताछ के दौरान अपना नाम मुन्तियाज पुत्र वहीद सक्का निवासी ग्राम बयायच, थाना जानसठ बताया। पुलिस का कहना है कि आरोपी के आपराधिक रिकॉर्ड और उसके संपर्कों की भी जांच की जा रही है।
प्रारंभिक पूछताछ में कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आई हैं, जिनके आधार पर पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि बरामद गांजा कहां से लाया गया था और इसकी सप्लाई किन-किन क्षेत्रों में की जानी थी।
पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस अब केवल बरामदगी तक सीमित नहीं रहना चाहती, बल्कि इस तस्करी से जुड़े पूरे नेटवर्क का खुलासा करने की दिशा में काम कर रही है। जांच अधिकारी यह पता लगाने का प्रयास कर रहे हैं कि आरोपी के पीछे कौन लोग सक्रिय हैं और मादक पदार्थों की आपूर्ति श्रृंखला किस प्रकार संचालित की जा रही थी।
सूत्रों के अनुसार पुलिस आरोपी के मोबाइल फोन, संपर्क सूत्रों और वित्तीय लेन-देन की भी जांच कर सकती है, ताकि नेटवर्क में शामिल अन्य लोगों तक पहुंचा जा सके।
एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज
मामले में थाना जानसठ पर मु0अ0सं0 78/2026 के तहत धारा 08/20 एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
अधिकारियों का कहना है कि एनडीपीएस एक्ट के तहत मादक पदार्थों की तस्करी और अवैध कारोबार से जुड़े मामलों में कड़ी कानूनी कार्रवाई का प्रावधान है। ऐसे मामलों में दोष सिद्ध होने पर कठोर सजा और आर्थिक दंड दोनों का प्रावधान किया गया है।
युवाओं को नशे से बचाने की मुहिम
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी केवल कानून व्यवस्था का विषय नहीं है, बल्कि यह समाज और विशेष रूप से युवाओं के भविष्य से जुड़ा गंभीर मुद्दा है। नशे की लत कई परिवारों को प्रभावित करती है और अपराध को बढ़ावा देने का कारण भी बनती है।
इसी कारण जनपद पुलिस लगातार जागरूकता अभियान और कानूनी कार्रवाई दोनों माध्यमों से नशे के कारोबार को समाप्त करने का प्रयास कर रही है।
तस्करों में बढ़ी बेचैनी
हाल के महीनों में जिले में मादक पदार्थों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। पुलिस द्वारा की जा रही छापेमारी और गिरफ्तारियों के कारण नशा तस्करों में बेचैनी बढ़ी है। अधिकारियों का कहना है कि अभियान आगे भी जारी रहेगा और किसी भी स्तर पर अवैध गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
पुलिस ने आम जनता से भी अपील की है कि यदि कहीं नशे के अवैध कारोबार की जानकारी मिले तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। नागरिकों के सहयोग से ही इस सामाजिक बुराई पर प्रभावी नियंत्रण संभव है।
अपराध और नशे के खिलाफ जारी रहेगा अभियान
जनपद पुलिस ने स्पष्ट किया है कि युवाओं को नशे की गिरफ्त में धकेलने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। प्रशासन का लक्ष्य जिले को नशा मुक्त बनाने और अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी रोक लगाना है।
पुलिस का मानना है कि लगातार निगरानी, त्वरित कार्रवाई और जनसहयोग के माध्यम से मादक पदार्थों के अवैध कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकता है। इसी दिशा में पुलिस की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
