रिपोर्ट: जगनेश सोलंकी
बुलंदशहर से बड़ी खबर
बुलंदशहर जिले के खुर्जा नगर स्थित सीकरी मार्ग पर संचालित मदर एकेडमी स्कूल में बच्चों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। स्कूल परिसर के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन (एचटी) और लो टेंशन (एलटी) बिजली लाइनें छात्रों, शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए संभावित खतरे का कारण बताई जा रही हैं।
हाईटेंशन लाइन के नीचे खेल रहे बच्चे
स्थानीय लोगों के अनुसार, स्कूल परिसर के ऊपर से बिजली की हाईटेंशन लाइन गुजर रही है। स्कूल खुलने के दौरान बच्चे इसी परिसर में खेलते और आवाजाही करते हैं। ऐसे में किसी भी तकनीकी खराबी या दुर्घटना की स्थिति में बड़ा हादसा होने की आशंका जताई जा रही है।
बरसात के मौसम में बढ़ी चिंता
बरसात और तेज हवा के मौसम में बिजली के तारों के टूटने या अन्य तकनीकी समस्या का जोखिम बढ़ जाता है। ऐसे मौसम में हाईटेंशन लाइन के नीचे बच्चों की मौजूदगी को लेकर अभिभावकों और स्थानीय लोगों ने चिंता व्यक्त की है।
उनका कहना है कि बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए इस समस्या का शीघ्र समाधान किया जाना चाहिए।
जिम्मेदार विभागों पर उठे सवाल
मामले को लेकर यह सवाल भी उठ रहे हैं कि स्कूल के ऊपर से गुजर रही बिजली लाइन को लेकर संबंधित विभागों द्वारा अब तक क्या कदम उठाए गए हैं। स्थानीय स्तर पर यह भी चर्चा है कि शिक्षा विभाग के अधिकारियों के बीच इस विषय को लेकर स्पष्ट जिम्मेदारी तय नहीं हो पा रही है।
हालांकि, इस संबंध में संबंधित अधिकारियों का विस्तृत आधिकारिक पक्ष सामने आना बाकी है।
सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग
स्थानीय नागरिकों और अभिभावकों ने मांग की है कि स्कूल परिसर के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइन का तकनीकी परीक्षण कराया जाए और यदि आवश्यक हो तो इसे सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित करने या अन्य सुरक्षा उपाय करने की दिशा में जल्द कार्रवाई की जाए।
उनका कहना है कि बच्चों की सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।
प्रशासनिक कार्रवाई का इंतजार
फिलहाल यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। अब लोगों की निगाहें जिला प्रशासन, शिक्षा विभाग और विद्युत विभाग पर हैं कि वे इस संभावित सुरक्षा जोखिम का संज्ञान लेकर क्या कदम उठाते हैं।
निष्कर्ष
बुलंदशहर के खुर्जा स्थित मदर एकेडमी स्कूल के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन और एलटी बिजली लाइन को लेकर बच्चों की सुरक्षा पर सवाल उठे हैं। बरसात के मौसम को देखते हुए स्थानीय लोगों ने संभावित खतरे की आशंका जताते हुए संबंधित विभागों से शीघ्र कार्रवाई की मांग की है। यदि समय रहते आवश्यक सुरक्षा उपाय किए जाते हैं तो किसी संभावित दुर्घटना से बचा जा सकता है।
