रिपोर्टर: कबीर
कांवड़ यात्रा को लेकर खाद्य सुरक्षा विभाग अलर्ट
मुजफ्फरनगर में श्रावण मास की कांवड़ यात्रा के दौरान करोड़ों शिवभक्तों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने विशेष अभियान शुरू कर दिया है। विभाग ने पूरे कांवड़ मार्ग को छह सेक्टरों में विभाजित कर प्रत्येक सेक्टर में विशेष निरीक्षण टीम तैनात की है। ये टीमें होटल, ढाबों, रेस्टोरेंट, मिठाई की दुकानों और अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों का नियमित निरीक्षण करेंगी।
मिलावट और ओवररेटिंग पर रहेगी कड़ी नजर
खाद्य सुरक्षा अधिकारी अर्चना धीरान ने बताया कि अभियान के दौरान केवल खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता ही नहीं, बल्कि साफ-सफाई, खाद्य लाइसेंस, मूल्य सूची और अन्य निर्धारित मानकों की भी जांच की जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि कोई प्रतिष्ठान मिलावटी खाद्य पदार्थ बेचता है या निर्धारित दर से अधिक कीमत वसूलता है तो उसके खिलाफ खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सभी दुकानों पर रेट लिस्ट प्रदर्शित करना अनिवार्य
विभाग ने कांवड़ मार्ग पर स्थित सभी होटल, ढाबों और खाद्य प्रतिष्ठानों को निर्देश दिए हैं कि वे अपनी मूल्य सूची प्रमुख स्थान पर स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करें। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कांवड़ यात्रियों से किसी प्रकार की मनमानी वसूली न की जाए।
क्यूआर कोड के जरिए दर्ज होगी शिकायत
खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि प्रत्येक प्रतिष्ठान पर फूड सेफ्टी कनेक्ट ऐप का क्यूआर कोड भी लगाया जा रहा है। श्रद्धालु इस क्यूआर कोड को स्कैन कर संबंधित प्रतिष्ठान की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। यदि भोजन की गुणवत्ता, मिलावट, ओवररेटिंग या किसी अन्य अनियमितता की शिकायत हो, तो उसे ऑनलाइन भी दर्ज कराया जा सकता है।
लाइसेंस और स्वच्छता मानकों का पालन जरूरी
विभाग ने सभी दुकानदारों को अपने खाद्य लाइसेंस और पंजीकरण प्रमाणपत्र दुकान पर स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही ताजा भोजन परोसने, बासी खाद्य सामग्री न बेचने, प्रतिबंधित रंगों का प्रयोग न करने, स्वच्छ बर्तनों का उपयोग करने और खाद्य सामग्री को निर्धारित तापमान पर सुरक्षित रखने के निर्देश भी दिए गए हैं।
होटल संचालकों ने शुरू किया नियमों का पालन
कांवड़ मार्ग स्थित एक होटल संचालक रोहित कुमार ने बताया कि खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम उनके प्रतिष्ठान का निरीक्षण कर चुकी है। विभाग के निर्देशों के अनुसार रेट लिस्ट प्रदर्शित कर दी गई है और निर्धारित दरों पर ही खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई जा रही है।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा प्रशासन की प्राथमिकता
हरिद्वार से गंगाजल लेकर दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों की ओर जाने वाले लाखों श्रद्धालु मुजफ्फरनगर से होकर गुजरते हैं। इसे देखते हुए जिला प्रशासन और खाद्य सुरक्षा विभाग संयुक्त रूप से कांवड़ मार्ग पर लगातार निगरानी बनाए हुए हैं, ताकि श्रद्धालुओं को सुरक्षित, स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जा सके।
निष्कर्ष
कांवड़ यात्रा-2026 को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए मुजफ्फरनगर में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने व्यापक निगरानी अभियान शुरू किया है। मिलावट, ओवररेटिंग और खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। विभाग का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को स्वच्छ, सुरक्षित और उचित मूल्य पर खाद्य सामग्री उपलब्ध हो तथा किसी प्रकार की शिकायत की स्थिति में त्वरित कार्रवाई की जा सके।
