रिपोर्ट: कबीर, मुजफ्फरनगर
नशे के कारोबार के खिलाफ पुलिस की लगातार कार्रवाई
मुजफ्फरनगर जनपद में अवैध मादक पदार्थों के कारोबार पर प्रभावी रोक लगाने के लिए पुलिस द्वारा चलाए जा रहे “ऑपरेशन सवेरा” के तहत एक और बड़ी सफलता हाथ लगी है। थाना रामराज पुलिस ने चेकिंग अभियान के दौरान एक कथित मादक पदार्थ तस्कर को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से 1 किलो 896 ग्राम अवैध डोडा पोस्त बरामद किया है। पुलिस जांच में आरोपी का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है, जिससे पता चलता है कि वह पहले भी मादक पदार्थों के मामलों में कानून के शिकंजे में आ चुका है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिले में नशे के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और ऐसे तत्वों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा जो युवाओं को नशे की लत की ओर धकेल रहे हैं।
चेकिंग अभियान के दौरान मिली सफलता
थाना रामराज पुलिस क्षेत्र में संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की नियमित जांच कर रही थी। पुलिस टीम को सूचना मिली कि एक व्यक्ति अवैध मादक पदार्थ के साथ क्षेत्र में मौजूद है और उसकी गतिविधियां संदिग्ध हैं।
सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष ज्ञानेन्द्र सिंह के निर्देशन में पुलिस टीम सक्रिय हो गई। पुलिस ने रणनीति के तहत संबंधित क्षेत्र में घेराबंदी की और निगरानी बढ़ा दी। इसके बाद अक्षय पुत्र हरजिंदर की ट्यूबवेल के पास कार्रवाई करते हुए संदिग्ध व्यक्ति को पकड़ लिया गया।
तलाशी में मिला 1.896 किलो डोडा पोस्त
पुलिस द्वारा की गई तलाशी के दौरान आरोपी के कब्जे से 1 किलो 896 ग्राम अवैध डोडा पोस्त बरामद हुआ। बरामदगी के बाद आरोपी को हिरासत में लेकर थाने लाया गया, जहां उससे विस्तृत पूछताछ की गई।
पुलिस का कहना है कि इतनी मात्रा में डोडा पोस्त का बरामद होना यह संकेत देता है कि आरोपी केवल व्यक्तिगत उपयोग के लिए नहीं बल्कि अवैध सप्लाई नेटवर्क से भी जुड़ा हो सकता है। इसी दिशा में आगे की जांच की जा रही है।
आरोपी की पहचान और पूछताछ
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने अपनी पहचान बाकर अली पुत्र मोहम्मद जमीर निवासी ग्राम तिगरी, थाना नई मंडी, जनपद मुजफ्फरनगर के रूप में बताई। पूछताछ के दौरान पुलिस ने उसके संपर्कों और गतिविधियों के बारे में जानकारी जुटानी शुरू की।
जांच अधिकारियों का मानना है कि आरोपी के जरिए मादक पदार्थों के एक बड़े नेटवर्क तक पहुंचा जा सकता है। इसी कारण पुलिस उसके पुराने संपर्कों और हालिया गतिविधियों का भी विश्लेषण कर रही है।
एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज हुआ मुकदमा
बरामदगी के आधार पर थाना रामराज में आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया। पुलिस ने मु.अ.सं. 38/2026 के अंतर्गत एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/15 के तहत कानूनी कार्रवाई की।
आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में आगे की जांच जारी है और जरूरत पड़ने पर अन्य लोगों की भूमिका भी जांच के दायरे में लाई जाएगी।
पहले भी एनडीपीएस एक्ट में दर्ज हो चुका है मामला
जांच के दौरान यह तथ्य भी सामने आया कि गिरफ्तार आरोपी का आपराधिक रिकॉर्ड पहले से मौजूद है। पुलिस के अनुसार उसके खिलाफ वर्ष 2026 में जनपद सहारनपुर के थाना बिहारीगढ़ में भी एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया जा चुका है।
यह जानकारी सामने आने के बाद पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी लंबे समय से किस प्रकार मादक पदार्थों के अवैध कारोबार में शामिल रहा है और उसके संपर्क किन-किन लोगों से जुड़े हुए हैं।
सप्लाई नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस अब केवल बरामदगी तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे नेटवर्क का खुलासा करने की दिशा में भी काम कर रही है। अधिकारियों का मानना है कि मादक पदार्थों की तस्करी अक्सर संगठित नेटवर्क के माध्यम से संचालित होती है।
इसी कारण आरोपी के मोबाइल संपर्कों, गतिविधियों और संभावित सहयोगियों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। जांच का उद्देश्य यह पता लगाना है कि बरामद डोडा पोस्त कहां से लाया गया था और इसकी आपूर्ति किन क्षेत्रों में की जानी थी।
युवाओं को नशे से बचाने की मुहिम
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी केवल एक आपराधिक गतिविधि नहीं बल्कि सामाजिक समस्या भी है। नशे की लत युवाओं के भविष्य को प्रभावित करती है और कई अन्य अपराधों को भी जन्म देती है।
इसी कारण जनपद पुलिस न केवल कार्रवाई कर रही है बल्कि लोगों को जागरूक करने के लिए भी प्रयासरत है। अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की कि यदि कहीं भी नशे के अवैध कारोबार की जानकारी मिले तो तुरंत पुलिस को सूचित करें।
कार्रवाई में शामिल रही पुलिस टीम
इस सफल अभियान में उपनिरीक्षक हर्षित शर्मा, कांस्टेबल मनीष कुमार, विनोद कुमार, लालाराम तथा धर्मेंद्र कुमार ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुलिस टीम की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई के चलते आरोपी को गिरफ्तार कर मादक पदार्थ बरामद किया जा सका।
वरिष्ठ अधिकारियों ने टीम की कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि जिले में नशे के खिलाफ अभियान और अधिक प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाया जाएगा।
नशे के कारोबार पर जारी रहेगा शिकंजा
मुजफ्फरनगर पुलिस का कहना है कि जनपद को नशा मुक्त बनाने के लिए अभियान लगातार जारी रहेगा। अवैध मादक पदार्थों की तस्करी में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस का मानना है कि लगातार निगरानी, जनसहयोग और प्रभावी कार्रवाई के माध्यम से नशे के कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकता है। ऑपरेशन सवेरा के तहत की गई यह कार्रवाई इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
