रिपोर्ट: शारिक खान, रामपुर
तहसील सदर में आयोजित हुआ सम्पूर्ण समाधान दिवस
रामपुर जिले में आम नागरिकों की समस्याओं के त्वरित और प्रभावी समाधान के उद्देश्य से तहसील सदर में सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी ने की। इस दौरान विभिन्न विभागों से संबंधित शिकायतों की सुनवाई की गई और अधिकारियों को निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने कहा कि जनहित सर्वोच्च प्राथमिकता है और शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की खानापूर्ति स्वीकार नहीं की जाएगी।
29 शिकायतें प्राप्त, 4 का मौके पर निस्तारण
सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान राजस्व, विकास, विद्युत, जल निगम, पूर्ति सहित अन्य विभागों से संबंधित कुल 29 शिकायतें प्राप्त हुईं। इनमें से 4 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया।
शेष 25 प्रार्थना पत्र संबंधित विभागीय अधिकारियों को भेजते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सभी मामलों का समयबद्ध, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण किया जाए।
लापरवाही बरतने वालों पर होगी कार्रवाई
जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी ने स्पष्ट कहा कि शिकायतों के निस्तारण में केवल औपचारिकता पूरी करना या मामलों को अनावश्यक रूप से लंबित रखना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि किसी अधिकारी या कर्मचारी द्वारा लापरवाही बरती जाती है, तो उसकी जवाबदेही तय करते हुए नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे लोकसेवक के रूप में अपनी जिम्मेदारियों का ईमानदारी से निर्वहन करें और यह सुनिश्चित करें कि प्रत्येक पात्र व्यक्ति को समय पर न्याय और सरकारी योजनाओं का लाभ मिल सके।
अन्य तहसीलों में भी हुई शिकायतों की सुनवाई
जिले की अन्य तहसीलों में भी सम्पूर्ण समाधान दिवस आयोजित किया गया।
तहसील मिलक में मुख्य विकास अधिकारी गुलाब चन्द्र की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में 14 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 3 का मौके पर निस्तारण किया गया।
तहसील स्वार में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) आनन्द कुमार सिंह की अध्यक्षता में 12 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें 2 मामलों का तत्काल समाधान किया गया।
तहसील बिलासपुर में अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) डॉ. नितिन मदान की अध्यक्षता में 15 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से 4 का मौके पर निस्तारण किया गया।
शाहबाद और टांडा में भी सुनवाई
तहसील शाहबाद में उपजिलाधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित समाधान दिवस में 11 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 2 का मौके पर समाधान किया गया।
वहीं तहसील टांडा में आयोजित कार्यक्रम में 16 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 4 मामलों का तत्काल निस्तारण किया गया।
पारदर्शी और जवाबदेह प्रशासन पर जोर
जिलाधिकारी ने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप शिकायतों का निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करना प्रशासन की सर्वोच्च जिम्मेदारी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक शिकायत को गंभीरता से लेते हुए उसका गुणवत्तापूर्ण निस्तारण किया जाए, ताकि आम नागरिकों का प्रशासन पर विश्वास और मजबूत हो सके।
