रिपोर्ट रामचंद्र मंडल/मालदा/वेस्ट बंगाल


फरक्का एक्सप्रेस शुक्रवार से गाजोल स्टेशन पर रुकने लगी। इस स्टॉपेज सर्विस को ऑफिशियली शाम को स्टेशन पर आयोजित एक सादे लेकिन इमोशनल फ्लैग-ऑफ सेरेमनी के साथ शुरू किया गया।
इस सेरेमनी में कटिहार डिवीजन के ADRM मनोज कुमार सिंह, नॉर्थ मालदा के MP खगेन मुर्मू, सीनियर DCM अनूप कुमार सिंह, स्टेशन सुपरिटेंडेंट श्याम कुमार सिंह और कई रेलवे अधिकारी और गणमान्य लोग शामिल हुए। शाम करीब 6:30 बजे जब बालुरघाट-भटिंडा फरक्का एक्सप्रेस गाजोल स्टेशन में घुसी, तो MP और रेलवे अधिकारियों ने हरी झंडी दिखाकर ट्रेन के सफर को शुरू करने की फॉर्मैलिटी पूरी की।
इस स्टॉपेज के लिए गाजोल ट्रेडर्स एसोसिएशन और एनवायरनमेंट प्रोटेक्शन एसोसिएशन समेत कई संगठन लंबे समय से प्रोटेस्ट कर रहे थे। MP खगेन मुर्मू ने इस मामले में रेल मंत्री से अपील की थी। आखिरकार, उस मांग के अनुसार फरक्का एक्सप्रेस को गाजोल स्टेशन पर रोकने का फैसला लिया गया। MP खगेन मुर्मू ने कहा कि एकलखी-बालुरघाट रूट पर लंबी दूरी की ट्रेनें चलाने की मांग बहुत पहले से थी। उन्होंने इस मामले में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से अपील की थी। ट्रेन चलाने की मंज़ूरी तो मिल गई, लेकिन गाज़ोल में स्टॉप न होने की वजह से यात्रियों को दिक्कत हो रही थी। आखिरकार, वह समस्या हल हो गई है। उन्होंने यह भी कहा कि गाज़ोल-इटाहार रेलवे लाइन का काम भी बहुत जल्द शुरू हो जाएगा। आज से देवताला स्टेशन पर तेवागा एक्सप्रेस का स्टॉप भी शुरू कर दिया गया है। इससे स्थानीय लोगों का मानना है कि इलाके के रेल कम्युनिकेशन सिस्टम में एक नया रास्ता खुला है। गाज़ोल मालदा में अब खुशी का माहौल है।
