रिपोर्ट – कबीर


मुज़फ़्फ़रनगर। जनपद की सियासत में शनिवार को उस वक्त हलचल मच गई जब राष्ट्रीय लोकदल युवा के जिला महासचिव मौ० वसीम बुढ़ाना ने पार्टी को अलविदा कहकर समाजवादी पार्टी की सदस्यता ग्रहण कर ली। चरथावल विधानसभा से सपा विधायक पंकज मलिक और समाजवादी युवजन सभा के प्रदेश उपाध्यक्ष कुंवर शोएब राणा के प्रयासों से यह सियासी समीकरण बदला।
सपा जिलाध्यक्ष ज़िया चौधरी एडवोकेट ने उन्हें औपचारिक रूप से सदस्यता दिलाते हुए पार्टी में स्वागत किया। कार्यक्रम में मौजूद समर्थकों की भीड़ ने इस घटनाक्रम को और भी राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण बना दिया। सपा नेताओं ने इसे आगामी 2027 विधानसभा चुनाव से पहले संगठनात्मक मजबूती की दिशा में बड़ा कदम बताया।
विधायक पंकज मलिक और जिलाध्यक्ष ज़िया चौधरी ने कहा कि भाजपा सरकार की जनविरोधी नीतियों और पीडीए विरोधी मानसिकता से प्रदेश की जनता में आक्रोश व्याप्त है। उन्होंने दावा किया कि 2027 में प्रदेश की जनता परिवर्तन का मन बना चुकी है और सैकड़ों समर्थकों के साथ हुए इस जुड़ाव से समाजवादी पार्टी का जनाधार और मजबूत होगा।
रालोद छोड़कर सपा में शामिल हुए मौ० वसीम बुढ़ाना ने कहा कि किसानों, मजदूरों और युवाओं की आवाज उठाने का दावा करने वाली पार्टी ने अपने मूल मुद्दों से समझौता किया, जिससे कार्यकर्ताओं में निराशा पनपी। उन्होंने कहा कि जनता के असली मुद्दों पर संघर्ष आज सपा कर रही है और वह सपा की नीतियों व राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के विचारों से प्रभावित होकर पार्टी में शामिल हुए हैं।
कार्यक्रम में वरिष्ठ सपा नेता सोमपाल सिंह कोरी, साजिद हसन, लोकेंद्र कुमार, फिरोज अख्तर, ओन मोहम्मद, मीर हसन, गगन मावी, अफजाल, बिल्लू राठी, राजू सैनी, इमरान, रहीस अहमद, परवेज सैफी, अंकुर सैनी, प्रवीण सैनी, इरशाद अहमद, मनशाद सहित सैकड़ों समर्थक मौजूद रहे।
जनपद की राजनीतिक फिजां में इस घटनाक्रम को बड़े बदलाव के संकेत के रूप में देखा जा रहा है। सियासी गलियारों में चर्चा है कि आने वाले दिनों में अन्य दलों के कई और चेहरे भी पाला बदल सकते हैं, जिससे 2027 की जंग और रोचक होने की संभावना
