रिपोर्ट – कबीर
मुजफ्फरनगर। फुगाना के खरड़ गांव में पड़ोसियों के बीच हुए विवाद ने बुजुर्ग की जान ले ली। मारपीट में घायल जय सिंह पुत्र सीरिया की उपचार के दौरान मौत के बाद दर्ज हुए हत्या के मुकदमे में पुलिस का शिकंजा कसता जा रहा है। पुलिस ने दूसरे नामजद आरोपी तेजवीर सिंह उर्फ छोटू को देहरादून एक्सप्रेसवे के नीचे से गिरफ्तार कर लिया। इससे पहले 16 सितंबर को पुलिस ने मामले के नामजद मुख्य आरोपी मनोज मलिक को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। दो दिन में दो गिरफ्तारियों के बाद पुलिस अब मुकदमे में नामजद अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी है।
दरअसल, 15 सितंबर को खरड़ गांव में पड़ोस में रहने वाले दो पक्ष आमने-सामने आ गए थे। दोनों पक्षों के बीच हुए विवाद के बाद जय सिंह के साथ मारपीट की गई। गंभीर रूप से घायल जय सिंह को उपचार के लिए ले जाया गया, लेकिन उनकी हालत लगातार बिगड़ती चली गई। उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। बुजुर्ग की मौत की खबर से गांव में तनाव का माहौल बन गया।
मामले में परिजनों की तहरीर पर फुगाना थाने में चार नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस ने मुकदमे में हत्या की धारा 103(1), 3(5) के साथ ही धारा 333, 190 और 191(2) बीएनएस के तहत कार्रवाई की। मामला गंभीर होने के चलते आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगाई गईं।
पहली गिरफ्तारी में पुलिस ने 16 सितंबर को मनोज मलिक पुत्र वेदपाल उर्फ पप्पू को दबोचा। पुलिस के मुताबिक, मनोज मामले का मुख्य नामजद आरोपी है। गिरफ्तारी के बाद उसे जेल भेज दिया गया। इसके बाद पुलिस की टीमें बाकी नामजद आरोपियों की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश देती रहीं।
गुरुवार को पुलिस को दूसरी सफलता मिली। नामजद आरोपी तेजवीर सिंह उर्फ छोटू पुत्र वेदपाल सिंह उर्फ पप्पू निवासी खरड़ को देहरादून एक्सप्रेसवे के नीचे से गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश करने की कार्रवाई में जुटी है।
बुजुर्ग की मौत के इस मामले में पुलिस की कार्रवाई से आरोपियों में खलबली मची है। पुलिस का कहना है कि मुकदमे में नामजद अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं। कार्रवाई करने वाली टीम में उपनिरीक्षक अभिषेक चौधरी, कांस्टेबल अमित कुमार और कांस्टेबल अजय कुमार शामिल रहे।
