रिपोर्ट: वीरेंद्र तोमर
बागपत। विश्व पर्यावरण दिवस 2026 के अवसर पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) बड़ौत में “एक पेड़ माँ के नाम” महाभियान के तहत विशेष वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया तथा हरित भविष्य के निर्माण का संकल्प लिया।
कार्यक्रम के दौरान ब्लॉक कार्यक्रम प्रबंधक सचिन मलिक ने पौधा रोपित कर अभियान की शुरुआत की। उन्होंने पौधे के संरक्षण और नियमित देखभाल की जिम्मेदारी भी स्वयं लेने का संकल्प व्यक्त किया।
पर्यावरण संरक्षण समय की सबसे बड़ी आवश्यकता
इस अवसर पर सीएचसी अधीक्षक डॉ. विजय कुमार ने कहा कि बढ़ता प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन पूरी दुनिया के लिए गंभीर चुनौती बनते जा रहे हैं। ऐसे में पर्यावरण संरक्षण के लिए वृक्षारोपण सबसे प्रभावी उपायों में से एक है।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अपने जीवन में कम से कम एक पौधा अवश्य लगाना चाहिए और उसे वृक्ष बनने तक संरक्षित रखना चाहिए। केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी नियमित देखभाल भी उतनी ही आवश्यक है।
“एक पेड़ माँ के नाम” अभियान को मिला समर्थन
कार्यक्रम में उपस्थित स्वास्थ्य कर्मियों ने केंद्र सरकार द्वारा चलाए जा रहे “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान की सराहना की। वक्ताओं ने कहा कि यह अभियान पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ मातृत्व के सम्मान का भी प्रतीक है।
उन्होंने लोगों से अपनी माँ के नाम पर एक पौधा लगाने और उसकी देखभाल करने की अपील की।
स्वास्थ्य कर्मियों ने लिया सामूहिक संकल्प
वृक्षारोपण कार्यक्रम के दौरान स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों ने पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और हरियाली बढ़ाने का सामूहिक संकल्प लिया। सभी ने अपने आसपास अधिक से अधिक पौधे लगाने और लोगों को भी इसके लिए प्रेरित करने का निर्णय लिया।
कार्यक्रम में उपस्थित कर्मचारियों ने कहा कि स्वच्छ पर्यावरण और स्वस्थ जीवन एक-दूसरे के पूरक हैं। पर्यावरण सुरक्षित रहेगा तो समाज भी स्वस्थ रहेगा।
पर्यावरण जागरूकता का दिया संदेश
कार्यक्रम के दौरान लोगों को जल संरक्षण, स्वच्छता और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के महत्व के बारे में भी जागरूक किया गया। वक्ताओं ने कहा कि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण देने के लिए अभी से ठोस कदम उठाने होंगे।
हरित भविष्य के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यदि प्रत्येक व्यक्ति एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल करने का संकल्प ले, तो पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बड़े सकारात्मक परिणाम प्राप्त किए जा सकते हैं।
विश्व पर्यावरण दिवस पर आयोजित यह कार्यक्रम पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ाने और समाज को हरियाली के प्रति प्रेरित करने का महत्वपूर्ण माध्यम बना।
