रिपोर्ट – कबीर


मुजफ्फरनगर। आगामी होली, रमजान और ईद को लेकर जनपद में सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद बनाने के उद्देश्य से सोमवार को उच्च पुलिस अधिकारियों ने शहर की सड़कों पर उतरकर हालात का जायजा लिया। भानु भास्कर, अपर पुलिस महानिदेशक मेरठ जोन, मेरठ तथा संजय कुमार वर्मा, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मुजफ्फरनगर ने भारी पुलिस बल के साथ नगर क्षेत्र में व्यापक फ्लैग मार्च किया। इस दौरान संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा का सख्त संदेश दिया गया और आमजन में भरोसे का संचार करने का प्रयास किया गया।
फ्लैग मार्च नगर के मुख्य बाजारों, मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों और पूर्व में संवेदनशील रहे स्थानों से होकर गुजरा। पुलिस बल की सशक्त उपस्थिति ने यह स्पष्ट संकेत दिया कि त्योहारों के दौरान कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के लिए कोई नरमी नहीं बरती जाएगी। अधिकारियों ने कई स्थानों पर रुककर स्थानीय व्यापारियों, गणमान्य व्यक्तियों और आम नागरिकों से संवाद स्थापित किया तथा उनकी समस्याएं सुनीं। त्वरित निस्तारण का आश्वासन देते हुए अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि शांति भंग करने की किसी भी कोशिश को सख्ती से कुचला जाएगा।
इस दौरान अधिकारियों ने विभिन्न होलिका दहन स्थलों का भी निरीक्षण किया। सुरक्षा इंतजामों की बारीकी से समीक्षा करते हुए विद्युत तारों की स्थिति, अग्निशमन व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण और यातायात प्रबंधन को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। आयोजकों को विशेष सतर्कता बरतने, ज्वलनशील पदार्थों से दूरी बनाए रखने और प्रशासन से समन्वय बनाकर कार्यक्रम संपन्न कराने के निर्देश दिए गए।
सोशल मीडिया पर नजर रखने के भी निर्देश जारी किए गए। अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की कि कोई भी भ्रामक, आपत्तिजनक या भड़काऊ पोस्ट साझा न करें। अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कड़ी वैधानिक कार्रवाई की चेतावनी देते हुए कहा गया कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि या अफवाह की सूचना तत्काल पुलिस को दें।
फ्लैग मार्च के दौरान पुलिस अधीक्षक नगर सत्यनारायण प्रजापत, एडीएम (ई) संजय कुमार सिंह तथा सहायक पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ के. मिश्रा सहित अन्य अधिकारी और पुलिसकर्मी मौजूद रहे। वरिष्ठ अधिकारियों ने ड्यूटी पर तैनात जवानों को संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखने, लगातार गश्त करने और हुड़दंगियों के विरुद्ध तत्काल प्रभाव से सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
त्योहारों की आहट के बीच पुलिस प्रशासन का यह शक्ति प्रदर्शन साफ संकेत है कि जनपद में शांति और सौहार्द के साथ ही पर्व मनाने की अनुमति होगी—कानून तोड़ने वालों के लिए कोई स्थान नहीं।
