रिपोर्ट – कबीर
मुजफ्फरनगर। शहर में अवैध निर्माणों के खिलाफ मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण ने सख्त रुख अपनाते हुए बुधवार को बड़ी कार्रवाई की। प्राधिकरण की टीम ने जोन-3 में अभियान चलाकर छह निर्माणों को सील कर दिया। इनमें रुड़की रोड, चुंगी रोड और इंदिरा कॉलोनी क्षेत्र के चार अस्पताल भी शामिल हैं। कार्रवाई से भवन संचालकों में खलबली मच गई।
प्राधिकरण की उपाध्यक्ष प्रणता ऐश्वर्या के आदेश पर की गई इस कार्रवाई में बिना स्वीकृत नक्शे के निर्माण और स्वीकृत मानचित्र के विपरीत बनी इमारतों को निशाने पर लिया गया। प्राधिकरण के अनुसार, संबंधित भवन संचालकों को पहले कारण बताओ नोटिस जारी किए गए थे। अपना पक्ष रखने के लिए सुनवाई के अवसर भी दिए गए, लेकिन निर्धारित प्रक्रिया के बावजूद शमन मानचित्र प्रस्तुत नहीं किए गए। इसके बाद सीलिंग के आदेश जारी कर दिए गए।
चार अस्पतालों समेत छह निर्माणों पर कार्रवाई
प्राधिकरण की कार्रवाई की जद में चरक हॉस्पिटल, जेयू हॉस्पिटल, ओपोलो हॉस्पिटल और अमृत हॉस्पिटल आए। ये अस्पताल रुड़की रोड, चुंगी रोड और इंदिरा कॉलोनी क्षेत्र में स्थित हैं। इनके अलावा इंदिरा कॉलोनी स्थित इंडियन हॉस्पिटल तथा घास मंडी में चंद्रा टॉकीज के निकट स्थित एक अन्य निर्माण को भी सील किया गया।
प्राधिकरण की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक, सभी छह मामलों में सीलिंग आदेशों के अनुपालन में 28 अक्टूबर को कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान प्राधिकरण के सहायक अभियंता, अवर अभियंता और अन्य कर्मचारी मौजूद रहे। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए मौके पर स्थानीय पुलिस बल भी तैनात रहा।
शमन मानचित्र स्वीकृत होने के बाद ही खुलेगी सील
मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि सील किए गए भवनों के संचालकों को कार्यालय में शमन मानचित्र प्रस्तुत करना होगा। मानचित्र की स्वीकृति के बाद ही सील खोलने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।
प्राधिकरण की इस कार्रवाई से स्पष्ट है कि बिना स्वीकृत नक्शे के निर्माण करने वालों के खिलाफ अब सख्ती बरती जा रही है। खास तौर पर अस्पतालों पर हुई कार्रवाई के बाद भवन निर्माण संबंधी नियमों के पालन का मुद्दा फिर चर्चा में आ गया है।
