रिपोर्ट: ब्यूरो (कबीर)
कांवड़ यात्रा के दौरान निर्बाध बिजली आपूर्ति की उठी मांग
मुजफ्फरनगर। कांवड़ यात्रा के दौरान शिवभक्तों और सेवा शिविरों को निर्बाध बिजली उपलब्ध कराने की मांग को लेकर पुरकाजी चेयरमैन तथा भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के राष्ट्रीय सचिव जहीर फारूकी ने सिटी मजिस्ट्रेट पंकज प्रकाश राठौर और मुख्य अभियंता (विद्युत) विनोद कुमार गुप्ता को ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में 11 अगस्त तक कांवड़ मार्ग पर 24 घंटे विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की गई है।
सेवा शिविरों में बिजली कटौती से हो रही परेशानी
ज्ञापन के अनुसार, उत्तर प्रदेश–उत्तराखंड सीमा से जुड़े भूराहेड़ी, पुरकाजी, फलौदा, बरला, छपार से लेकर मुजफ्फरनगर तक कांवड़ मार्ग पर बड़ी संख्या में भंडारे और सेवा शिविर संचालित किए जा रहे हैं। इन शिविरों के संचालन के लिए निरंतर बिजली आपूर्ति आवश्यक है।
जहीर फारूकी ने कहा कि पुरकाजी क्षेत्र में निर्धारित रोस्टिंग के अतिरिक्त भी कई बार बिजली कटौती हो रही है, जिससे शिविरों के संचालन और श्रद्धालुओं को मिलने वाली सुविधाओं पर असर पड़ रहा है।
जनरेटर चलाने की मजबूरी का किया उल्लेख
उन्होंने कहा कि बिजली कटौती के कारण शिविर संचालकों को जनरेटर का सहारा लेना पड़ रहा है, जिससे डीजल पर अतिरिक्त खर्च बढ़ रहा है। साथ ही जनरेटर के उपयोग से ध्वनि और वायु प्रदूषण की समस्या भी उत्पन्न हो रही है।
अतिरिक्त लाइनमैन तैनात करने की भी मांग
भाकियू नेता ने ज्ञापन में मांग की कि कांवड़ यात्रा के दौरान किसी भी तकनीकी खराबी की स्थिति में तुरंत समाधान के लिए कांवड़ मार्ग पर अनुभवी लाइनमैनों की अतिरिक्त तैनाती की जाए, ताकि बिजली आपूर्ति बिना बाधा जारी रह सके।
श्रद्धालुओं की सुविधा को बताया प्राथमिकता
ज्ञापन में कहा गया कि कांवड़ यात्रा आस्था से जुड़ा एक महत्वपूर्ण आयोजन है और श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उनका कहना था कि निर्बाध बिजली आपूर्ति से सेवा शिविरों का संचालन सुचारु रहेगा और शिवभक्तों को भी बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।
निष्कर्ष
मुजफ्फरनगर में कांवड़ यात्रा के दौरान बिजली व्यवस्था को लेकर चेयरमैन पुरकाजी और भाकियू के राष्ट्रीय सचिव जहीर फारूकी ने प्रशासन के समक्ष 24 घंटे विद्युत आपूर्ति की मांग रखी है। अब इस मांग पर संबंधित विभाग क्या निर्णय लेता है, इस पर कांवड़ मार्ग से जुड़े सेवा शिविर संचालकों और श्रद्धालुओं की नजर रहेगी।
