रिपोर्टर: मोरना ब्यूरो
शुकतीर्थ में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया स्थापना महोत्सव
मुजफ्फरनगर की पौराणिक तीर्थ नगरी शुकतीर्थ में रविवार को श्री गंगा सेवा समिति का 30वां स्थापना महोत्सव श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ मनाया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हवन-यज्ञ से हुआ, जिसके बाद समिति की वार्षिक साधारण सभा आयोजित की गई। शाम को गंगा स्नान घाट पर भव्य महाआरती का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और समिति के सदस्यों ने भाग लिया।
गंगा महाआरती में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब
स्थापना महोत्सव के अवसर पर गंगा तट पर विधि-विधान से महाआरती की गई। आरती के दौरान पूरा वातावरण भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर हो गया। श्रद्धालुओं ने मां गंगा की आराधना कर सुख-समृद्धि और जनकल्याण की कामना की।
कार्यक्रम के दौरान नियमित रूप से गंगा आरती करने वाले पांच आचार्यों—सचिन शर्मा, प्रमोद मिश्रा, शिवम जोशी, सन्नी शर्मा और हेमंत शर्मा—को पटका, वस्त्र एवं सम्मान-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया।
वार्षिक बैठक में सेवा कार्यों की समीक्षा
समिति की वार्षिक साधारण सभा में पिछले वर्ष किए गए सेवा कार्यों का विवरण प्रस्तुत किया गया। पदाधिकारियों ने समिति की आय-व्यय का लेखा-जोखा सदस्यों के सामने रखा और भविष्य की योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की।
बैठक में तीर्थ क्षेत्र के विकास, स्वच्छता, धार्मिक गतिविधियों के विस्तार और श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए कई सुझाव सामने आए। सदस्यों ने समिति द्वारा किए जा रहे सामाजिक और धार्मिक कार्यों की सराहना भी की।
शुकतीर्थ के विकास पर बनी रणनीति
बैठक में शुकतीर्थ को धार्मिक, सामाजिक, ऐतिहासिक और पर्यटन की दृष्टि से और अधिक विकसित करने पर विचार-विमर्श किया गया। वक्ताओं ने कहा कि तीर्थ क्षेत्र का योजनाबद्ध विकास किया जाना चाहिए ताकि देशभर से आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
साथ ही तीर्थ के व्यापक प्रचार-प्रसार और धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए भी कई सुझाव दिए गए।
सदस्यता राशि में विशेष रियायत का निर्णय
स्थापना दिवस के अवसर पर समिति ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए सदस्यता शुल्क में अस्थायी राहत देने का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया। निर्णय के अनुसार एक माह की विशेष अवधि के लिए सदस्यता राशि 31,000 रुपये से घटाकर 5,100 रुपये कर दी गई, ताकि अधिक से अधिक लोग समिति से जुड़ सकें।
इसके अलावा समिति के सभी सदस्यों को फोटोयुक्त परिचय पत्र जारी करने पर भी सहमति बनी।
बड़ी संख्या में उपस्थित रहे पदाधिकारी और श्रद्धालु
कार्यक्रम में समिति के परमाध्यक्ष आचार्य इन्द्रपाल, अध्यक्ष सतीशचंद गोयल, वरिष्ठ उपाध्यक्ष अरुण कुमार गर्ग, महामंत्री डॉ. महकार सिंह, उपमंत्री सुरेन्द्र सिंह, कोषाध्यक्ष मयंकार सिंह, प्रेम शंकर मिश्रा, सुभाष बाबू, आचार्य विष्णु महाराज, मैनेजर देवेंद्र आर्य, गौरव, डॉ. संजू शर्मा सहित समिति के अनेक पदाधिकारी, सदस्य और बड़ी संख्या में महिला श्रद्धालु उपस्थित रहे।
निष्कर्ष
शुकतीर्थ में आयोजित श्री गंगा सेवा समिति का 30वां स्थापना महोत्सव धार्मिक आस्था, सामाजिक सहभागिता और संगठनात्मक एकता का प्रतीक बनकर सामने आया। महाआरती, सम्मान समारोह और वार्षिक बैठक के माध्यम से समिति ने अपने सेवा कार्यों की समीक्षा करते हुए भविष्य की योजनाओं को अंतिम रूप दिया।
साथ ही सदस्यता शुल्क में एक माह के लिए विशेष रियायत देने और तीर्थ क्षेत्र के समग्र विकास की दिशा में कार्य करने का संकल्प भी लिया गया, जिससे अधिक से अधिक लोग समिति की गतिविधियों से जुड़ सकें।
