ब्यूरो: कबीर
मुजफ्फरनगर में गंगा अवतरण के नायक Maharaja Bhagirath की जयंती पहली बार बेहद भव्य और ऐतिहासिक अंदाज में मनाई गई। युवा टीम के नेतृत्व में निकाली गई विशाल शोभायात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और सर्व समाज के लोगों ने भाग लिया।
ढोल-नगाड़ों, भगवा पताकाओं और जयघोषों के बीच निकली इस शोभायात्रा ने पूरे शहर को भक्तिमय माहौल में रंग दिया। जगह-जगह श्रद्धालुओं पर पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया और लोगों में भारी उत्साह देखने को मिला।
आयोजन के दौरान धार्मिक आस्था, सामाजिक एकता और सनातन संस्कृति के प्रति लोगों की गहरी श्रद्धा का अद्भुत दृश्य देखने को मिला।
युवा टीम के नेतृत्व में हुआ आयोजन
कार्यक्रम का आयोजन संयुक्त हिंदू मोर्चा अध्यक्ष Manoj Saini की अध्यक्षता में किया गया।
इस आयोजन को सफल बनाने में कुलदीप सैनी, रविन्द्र सैनी, शिवसेना छात्र प्रकोष्ठ नगर अध्यक्ष Akash Saini सहित कई युवाओं ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
युवा टीम के उत्साह और सक्रिय भागीदारी की वजह से शोभायात्रा में बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी देखने को मिली।
कई प्रमुख नेता और गणमान्य लोग हुए शामिल
शोभायात्रा में मुख्य अतिथि के रूप में प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री Kapil Dev Agarwal मौजूद रहे।
इसके अलावा पूर्व सांसद Rajpal Saini, पूर्व केंद्रीय मंत्री Sanjeev Balyan, पूर्व विधायक Vikram Saini तथा प्रमोद अटवाल सहित कई गणमान्य लोग कार्यक्रम में शामिल हुए।
कार्यक्रम में Vishwa Hindu Parishad के अध्यक्ष ललित महेश्वरी, शिवसेना प्रदेश महासचिव योगेंद्र शर्मा, मंडल अध्यक्ष राजेश कश्यप और सैनी समाज के कई पदाधिकारी भी मौजूद रहे।
महाराजा भगीरथ के योगदान को किया याद
कार्यक्रम में मौजूद अतिथियों ने महाराजा भगीरथ के योगदान को सनातन संस्कृति की महान धरोहर बताया।
वक्ताओं ने कहा कि राजा भगीरथ ने केवल अपने समाज के लिए नहीं बल्कि पूरे मानव समाज के कल्याण के उद्देश्य से कठोर तपस्या कर मां गंगा को पृथ्वी पर लाने का कार्य किया था।
उन्होंने कहा कि यही कारण है कि आज भी Ganga River को सनातन धर्म में मां के स्वरूप में पूजा जाता है और गंगा का धार्मिक एवं सांस्कृतिक महत्व पूरे देश में बना हुआ है।
जगह-जगह हुआ भव्य स्वागत
शोभायात्रा के दौरान विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालुओं और समाजसेवियों द्वारा पुष्पवर्षा कर यात्रियों का स्वागत किया गया।
मार्ग में लोगों ने जयघोष और धार्मिक नारों के साथ शोभायात्रा का अभिनंदन किया।
पूरे आयोजन के दौरान भक्ति, उत्साह और धार्मिक आस्था का माहौल बना रहा।
सामाजिक एकता का भी दिखा संदेश
कार्यक्रम में सर्व समाज की भागीदारी ने सामाजिक एकता और भाईचारे का संदेश भी दिया।
आयोजकों का कहना था कि इस तरह के धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन समाज को जोड़ने का कार्य करते हैं और नई पीढ़ी को अपनी परंपराओं से परिचित कराते हैं।
लोगों ने भी इस भव्य आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि पहली बार इतनी बड़े स्तर पर महाराजा भगीरथ जयंती मनाई गई, जिसने सभी को प्रभावित किया।
