रिपोर्ट – शारिक खान

रामपुर। “ज्ञान भारतम् मिशन” के अंतर्गत “राष्ट्रीय पांडुलिपि सर्वेक्षण” अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु मुख्य विकास अधिकारी श्री गुलाब चन्द्र की अध्यक्षता में विकास भवन सभागार में बैठक आयोजित की गई।
मुख्य विकास अधिकारी ने अभियान की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि इस अभियान के अंतर्गत 75 वर्ष से अधिक प्राचीन पांडुलिपियों का पंजीकरण किया जाना है। पांडुलिपि ऐसे हस्तलिखित दस्तावेज होते हैं, जिनमें प्राचीन ज्ञान का संकलन होता है तथा जो भावी पीढ़ियों के लिए ज्ञान का महत्वपूर्ण स्रोत हैं। उन्होंने जनपद में सर्वेक्षण कार्य को गति देने हेतु टीमों के गठन के निर्देश दिए।
उन्होंने निर्देशित किया कि विकास खंड स्तर पर खंड विकास अधिकारियों के नेतृत्व में साहित्य में रुचि रखने वाले शिक्षकों एवं स्काउट टीमों को सम्मिलित कर सर्वेक्षण कार्य संचालित किया जाए, जिससे अधिक से अधिक पांडुलिपियों का चिन्हांकन एवं पंजीकरण सुनिश्चित हो सके।
रजा लाइब्रेरी के प्रतिनिधि द्वारा बताया गया कि रजा लाइब्रेरी के अतिरिक्त सोलत पब्लिक लाइब्रेरी, मदरसा फुरकानिया एवं ऐतिहासिक पृष्ठभूमि से जुड़े व्यक्तियों के पास भी पांडुलिपियां उपलब्ध हो सकती हैं। इस संबंध में संबंधित संस्थानों एवं व्यक्तियों से संपर्क स्थापित कर जानकारी एकत्रित करने के निर्देश दिए गए।
रजा लाइब्रेरी द्वारा पांडुलिपियों के पंजीकरण एवं अपलोड प्रक्रिया में पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया गया। मुख्य विकास अधिकारी ने जिला विद्यालय निरीक्षक एवं रजा लाइब्रेरी के समन्वय से इस कार्य को 10 दिवस के भीतर पूर्ण करने के निर्देश दिए तथा प्रगति की समीक्षा हेतु पुनः बैठक आयोजित किए जाने के निर्देश भी दिए बैठक में नगर पालिका नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारियों के अतिरिक्त सोलत पब्लिक लाइब्रेरी के अध्यक्ष डॉ. महमूद, भरसोली मंदिर के पंडित नरेश शर्मा, रजा डिग्री कॉलेज के प्रोफेसर डॉ. जहांगीर खान, मदर एक आस संस्था के अध्यक्ष प्रतीक शर्मा सहित अन्य संबंधित अधिकारी एवं प्रतिनिधि उपस्थित रहे

