बिजनौर | रिपोर्ट – राकेश कुमार
बिजनौर जिला जेल में बंद एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद शहर में तनावपूर्ण माहौल बन गया। युवक की मौत की खबर मिलते ही परिजन और स्थानीय लोग आक्रोशित हो उठे तथा पोस्टमार्टम हाउस और जजी चौराहे पर जमकर हंगामा किया। प्रदर्शनकारियों ने युवक की हत्या किए जाने का आरोप लगाते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने पोस्टमार्टम हाउस और आसपास के इलाकों में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं।
मौत के बाद परिजनों में आक्रोश
जेल में बंद युवक की मौत की सूचना मिलते ही परिवार के लोग और समर्थक बड़ी संख्या में पोस्टमार्टम हाउस पहुंच गए।
परिजनों का आरोप है कि युवक की मौत सामान्य नहीं बल्कि सुनियोजित हत्या है। उनका कहना है कि जेल प्रशासन की मिलीभगत के बिना जेल के अंदर कोई संदिग्ध सामान या घटना संभव नहीं हो सकती।
जजी चौराहे पर प्रदर्शन
घटना के विरोध में लोगों ने जजी चौराहे पर भी प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई।
स्थिति को देखते हुए मौके पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया ताकि कानून व्यवस्था बनी रहे।
“पहले से जताई थी हत्या की आशंका”
बहुजन पैंथर नेता रोनी कुमार ने दावा किया कि मृतक के परिजन एक दिन पहले ही युवक से जेल में मिलने गए थे।
उनके अनुसार युवक ने पहले ही आशंका जताई थी कि जेल प्रशासन के कुछ लोग उसकी हत्या करना चाहते हैं। ऐसे में अब आत्महत्या की बात कई गंभीर सवाल खड़े कर रही है।
रिटायर्ड इंस्पेक्टर ने भी उठाए सवाल
रिटायर्ड इंस्पेक्टर दिले राम ने भी पूरे मामले पर सवाल उठाए।
उन्होंने कहा कि यदि यह सामान्य आत्महत्या का मामला होता तो पोस्टमार्टम हाउस पर इतनी भारी पुलिस तैनाती की आवश्यकता नहीं पड़ती। उनका आरोप है कि मामले को हत्या से आत्महत्या में बदलने की कोशिश की जा रही है।
डीआईजी ने लिया घटनास्थल का जायजा
मामले की गंभीरता को देखते हुए मुरादाबाद से डीआईजी मुनिराज जी भी बिजनौर पहुंचे।
उन्होंने अधिकारियों से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली और मामले की जांच को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
एसपी सिटी ने कही जांच की बात
एसपी सिटी कृष्ण गोपाल सिंह ने बताया कि पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है।
उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी नजर
अब पूरे मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट को बेहद अहम माना जा रहा है। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
स्थानीय लोगों और परिजनों की मांग है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाई जाए और यदि किसी की लापरवाही या संलिप्तता सामने आती है तो सख्त कार्रवाई की जाए।
जेल प्रशासन पर उठे सवाल
इस घटना के बाद जेल प्रशासन और जेल सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी कई सवाल खड़े हो गए हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि किसी बंदी की जेल के भीतर संदिग्ध परिस्थितियों में मौत होती है, तो उसकी निष्पक्ष और पारदर्शी जांच बेहद जरूरी हो जाती है ताकि लोगों का विश्वास बना रहे।
फिलहाल बिजनौर में इस मामले को लेकर माहौल संवेदनशील बना हुआ है और पुलिस प्रशासन पूरी स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
